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Read More... अमेरिका : ट्रंप-शी मुलाकात से पहले बड़ी डील की तैयारी... अरबों के सामान पर टैरिफ से राहत?
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By Online Desk
अमेरिका और चीन के बीच टैरिफ को लेकर बातचीत ऐसे समय हो रही है जब दोनों देश पहले से चले आ रहे व्यापार युद्ध को नियंत्रित रखने की कोशिश कर रहे हैं. प्रस्तावित टैरिफ कटौती पर सहमति बनती है तो इससे दोनों देशों के बीच व्यापारिक तनाव कम करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सकता है. हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि ट्रंप और शी की बैठक के बाद व्यापार युद्ध विराम की अवधि कितनी बढ़ेगी या दोनों देशों के बीच कितना बड़ा समझौता होगा. टैरिफ के अलावा रेयर मिनरल, तकनीक, सेमीकंडक्टर और दूसरे आर्थिक मुद्दे भी दोनों देशों के रिश्तों में महत्वपूर्ण बने हुए हैं. अमेरिका : टैरिफ पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भड़के ट्रंप... लीक हुई बैठक की बातें, अमेरिकी राष्ट्रपति बोले- ‘कुछ करना होगा’
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अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के निर्णय में कहा कि राष्ट्रपति ने जिस आपातकालीन अधिकार का हवाला देकर टैरिफ लगाए, वह उनके संवैधानिक अधिकार क्षेत्र से बाहर था. अदालत ने साफ किया कि 1977 के इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट (IEEPA) के तहत राष्ट्रपति को आपात स्थिति में व्यापार को 'नियंत्रित' करने का अधिकार है, लेकिन इस कानून में सीधे तौर पर टैरिफ लगाने की अनुमति नहीं दी गई है. कोर्ट के इस फैसले को उन राज्यों और कंपनियों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है, जिन्होंने बढ़े हुए आयात शुल्क के खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाया था. नई दिल्ली : चीन पर लगाए गए इन टैरिफ्स के बाद; भारत के लिए मौके, वहीं दूसरी ओर चुनौतियां
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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नए अंतरराष्ट्रीय टैरिफ (शुल्क) नियमों ने पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था में हलचल मचा दी है। भारत की इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) इंडस्ट्री भी इससे अछूती नहीं है। खासकर चीन पर लगाए गए इन टैरिफ्स के बाद ऐसा माना जा रहा है कि अब सस्ते और सब्सिडी वाले लिथियम-आयन बैटरी सेल्स भारत में भारी मात्रा में आ सकते हैं। 
