ठाणे: यात्रियों को जल्द ही किराए और सवारी को लेकर होने वाली परेशानियों से राहत मिलने की उम्मीद; जल्द शुरू होगी प्रीपेड ऑटो सेवा
Thane: Commuters hope to soon find relief from the hassles of fares and rides; prepaid auto service to be launched soon
ठाणे शहर में ऑटो-रिक्शा से सफर करने वाले यात्रियों को जल्द ही किराए और सवारी को लेकर होने वाली परेशानियों से राहत मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार शहर में प्रीपेड ऑटो-रिक्शा सेवा शुरू करने के प्रस्ताव को मंजूरी देने की तैयारी में है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद यात्रियों को ऑटो में बैठने से पहले ही निर्धारित किराया पता होगा और भुगतान की प्रक्रिया भी पहले पूरी की जा सकेगी।
ठाणे ; ठाणे शहर में ऑटो-रिक्शा से सफर करने वाले यात्रियों को जल्द ही किराए और सवारी को लेकर होने वाली परेशानियों से राहत मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार शहर में प्रीपेड ऑटो-रिक्शा सेवा शुरू करने के प्रस्ताव को मंजूरी देने की तैयारी में है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद यात्रियों को ऑटो में बैठने से पहले ही निर्धारित किराया पता होगा और भुगतान की प्रक्रिया भी पहले पूरी की जा सकेगी। इस पहल का उद्देश्य ऑटो-रिक्शा चालकों द्वारा सवारी लेने से इनकार करने, मनमाना किराया मांगने और किराए को लेकर यात्रियों के साथ होने वाले विवादों को कम करना है। ठाणे के स्थानीय विधायक संजय केलकर ने सरकारी रेस्ट हाउस में आयोजित उच्चस्तरीय संयुक्त बैठक के बाद यह जानकारी दी।
सोमवार तक मिल सकती है मंजूरी
विधायक संजय केलकर ने मीडिया से बातचीत में उम्मीद जताई कि सरकार सोमवार तक प्रीपेड ऑटो-रिक्शा के प्रस्ताव को मंजूरी दे सकती है। उन्होंने कहा कि मंजूरी मिलने के बाद शहर में जल्द ही इस व्यवस्था को लागू करने की दिशा में कदम उठाए जाएंगे। केलकर के मुताबिक, प्रीपेड व्यवस्था लागू होने के बाद यात्रियों को ऑटो चालक के साथ किराए को लेकर मोलभाव नहीं करना पड़ेगा। यात्री स्टेशन से बाहर निकलने के बाद पहले ही निर्धारित किराया जमा कर सकेंगे और इसके बाद उन्हें गंतव्य तक जाने के लिए ऑटो उपलब्ध कराया जाएगा।
रेलवे स्टेशन पर समस्याओं का लिया जायजा
प्रीपेड ऑटो सेवा का प्रस्ताव ठाणे रेलवे स्टेशन के आसपास यातायात व्यवस्था और यात्रियों को होने वाली परेशानियों के निरीक्षण के बाद सामने आया है। विधायक संजय केलकर ने ट्रैफिक पुलिस और क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय के अधिकारियों के साथ ठाणे रेलवे स्टेशन के भीड़भाड़ वाले इलाके का दौरा किया था। निरीक्षण के दौरान स्टेशन के आसपास लगने वाले जाम, ऑटो-रिक्शा की आवाजाही और यात्रियों को होने वाली दिक्कतों का जायजा लिया गया। इसके बाद सरकारी रेस्ट हाउस में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक हुई, जिसमें यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और यात्रियों की समस्याओं के समाधान पर चर्चा की गई।
किराए को लेकर खत्म होगा विवाद ठाणे जैसे व्यस्त शहर में रेलवे स्टेशन यात्रियों की आवाजाही का प्रमुख केंद्र है। रोजाना बड़ी संख्या में लोग स्टेशन से अपने घर, कार्यालय या अन्य स्थानों तक जाने के लिए ऑटो-रिक्शा का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में किराए को लेकर यात्री और चालक के बीच विवाद की स्थिति कई बार सामने आती है। प्रीपेड व्यवस्था में यात्री को यात्रा शुरू करने से पहले ही किराए की जानकारी मिल जाएगी। इससे चालक द्वारा रास्ते में अतिरिक्त किराया मांगने या यात्रा पूरी होने के बाद किराए को लेकर बहस की स्थिति बनने की संभावना कम होगी।


