महाराष्ट्र : सच बोलने की मिली सजा... शिवसेना (UBT) नेता प्रदीप पूर्णेकर की हत्या पर संजय राउत का तीखा हमला
Maharashtra: Punished for speaking the truth... Sanjay Raut launches a scathing attack over the murder of Shiv Sena (UBT) leader Pradeep Purnekar.
संजय राउत ने कहा कि प्रदीप पूर्णेकर शिवसेना के एक वफादार कार्यकर्ता थे. वह इलाके में कथित ड्रग नेटवर्क और बिल्डर लॉबी से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाते थे. राउत ने कहा कि पूर्णेकर ने शिंदे गुट से जुड़े बदमाशों के खिलाफ भी आवाज उठाई थी. राउत ने कहा, “उन पर सात राउंड गोलियां चलाई गईं. उनकी हत्या कर दी गई और बेरहमी से पीटा गया. वह हमारे बहुत वफादार व्यक्ति थे. वह स्थानीय ड्रग माफिया के खिलाफ लड़ रहे थे. उन्होंने शिंदे गुट के बदमाशों के खिलाफ आवाज उठाई और बिल्डर लॉबी से भी लड़े. हमारे अनुसार, इसी वजह से उन्हें चुप करा दिया गया.”
ठाणे : शिवसेना (UBT) के सांसद संजय राउत ने ठाणे में पार्टी नेता प्रदीप पूर्णेकर की हत्या को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं. राउत का कहना है कि पूर्णेकर स्थानीय ड्रग माफिया, बदमाशों और बिल्डर लॉबी के खिलाफ लगातार आवाज उठा रहे थे. उन्होंने आरोप लगाया कि इसी वजह से उन्हें चुप करा दिया गया. राउत ने मांग की कि हत्या में कथित तौर पर शामिल लोगों को जवाबदेह ठहराया जाए.
संजय राउत ने कहा कि प्रदीप पूर्णेकर शिवसेना के एक वफादार कार्यकर्ता थे. वह इलाके में कथित ड्रग नेटवर्क और बिल्डर लॉबी से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाते थे. राउत ने कहा कि पूर्णेकर ने शिंदे गुट से जुड़े बदमाशों के खिलाफ भी आवाज उठाई थी. राउत ने कहा, “उन पर सात राउंड गोलियां चलाई गईं. उनकी हत्या कर दी गई और बेरहमी से पीटा गया. वह हमारे बहुत वफादार व्यक्ति थे. वह स्थानीय ड्रग माफिया के खिलाफ लड़ रहे थे. उन्होंने शिंदे गुट के बदमाशों के खिलाफ आवाज उठाई और बिल्डर लॉबी से भी लड़े. हमारे अनुसार, इसी वजह से उन्हें चुप करा दिया गया.”
संजय राउत ने दावा किया कि प्रदीप पूर्णेकर के बेटे राम ने पूरी घटना को अपनी आंखों से देखा और सुना था, लेकिन एफआईआर में उसका नाम दर्ज नहीं किया गया. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पूर्व मेयर मीनाक्षी शिंदे और उनके पति राजेंद्र शिंदे के नाम भी एफआईआर में शामिल नहीं हैं.
राउत ने कहा, “उनके बेटे राम ने यह सब अपनी आंखों से देखा और कानों से सुना, लेकिन एफआईआर में उनके नाम का कोई उल्लेख नहीं है. इस जगह की पूर्व मेयर मीनाक्षी शिंदे और उनके पति राजेंद्र शिंदे, जिन्हें हम मुख्य साजिशकर्ता मानते हैं, उनके नाम भी एफआईआर में दर्ज नहीं किए गए हैं.”
राउत ने बताया कि शिवसेना (UBT) के कार्यकर्ताओं ने पुलिस से मुलाकात कर एफआईआर में इन नामों को शामिल करने की मांग की है. उनके मुताबिक, पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है.
प्रदीप पूर्णेकर की मंगलवार रात ठाणे के मानपाड़ा-गणेश नगर इलाके में गोली मारकर हत्या कर दी गई. पुलिस के अनुसार, रात करीब 9:30 बजे बाइक सवार अज्ञात हमलावर उनके कार्यालय के बाहर पहुंचे और फायरिंग करने के बाद मौके से फरार हो गए.
पूर्णेकर के सीने में दो गोलियां लगी थीं. गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. पुलिस अब हमलावरों की पहचान करने और हत्या के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी है.
प्रदीप पूर्णेकर के परिवार ने भी न्याय की मांग की है. उनके भाई जैनाथ ने कहा है कि आरोपियों की गिरफ्तारी होने तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा. इससे पहले पूर्णेकर के ससुर संजय खांगड़े ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से न्याय सुनिश्चित करने और बढ़ते अपराध पर रोक लगाने के लिए कदम उठाने की अपील की थी.


