मुंबई : इस फिल्म ने पहुंचाया राजपाल यादव को जेल, 5.4 रेटिंग के साथ YouTube पर है उपलब्ध

Mumbai: This film landed Rajpal Yadav in jail, available on YouTube with a rating of 5.4.

मुंबई : इस फिल्म ने पहुंचाया राजपाल यादव को जेल, 5.4 रेटिंग के साथ YouTube पर है उपलब्ध

फिल्म इंडस्ट्री में इस समय राजपाल यादव को लेकर हंगामा मचा हुआ है। अपनी बेमिसाल कॉमिक टाइमिंग से करोड़ों दिलों पर राज करने वाले राजपाल यादव आज अपनी जिंदगी के उस मोड़ पर खड़े हैं, जिसकी कल्पना शायद ही किसी ने की होगी। जिस कलाकार ने पूरी दुनिया को हंसाया, आज वही एक्टर कानूनी उलझनों और वित्तीय संकट के बोझ तले दबा हुआ तिहाड़ जेल की सलाखों के पीछे है। 

मुंबई : फिल्म इंडस्ट्री में इस समय राजपाल यादव को लेकर हंगामा मचा हुआ है। अपनी बेमिसाल कॉमिक टाइमिंग से करोड़ों दिलों पर राज करने वाले राजपाल यादव आज अपनी जिंदगी के उस मोड़ पर खड़े हैं, जिसकी कल्पना शायद ही किसी ने की होगी। जिस कलाकार ने पूरी दुनिया को हंसाया, आज वही एक्टर कानूनी उलझनों और वित्तीय संकट के बोझ तले दबा हुआ तिहाड़ जेल की सलाखों के पीछे है। 

 

Read More पालघर में जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग को चार सप्ताह के भीतर चालू करने का निर्देश

राजपाल यादव की वो फ्लॉप फिल्म जिसने पहुंचाया जेल 
राजपाल यादव आखिर किस वजह से जेल में हैं। ऐसा क्या हुआ जो उन्हें सरेंडर करना पड़ा था। ये सब शुरू हुआ था उनकी एक फिल्म की वजह से जो उनके करियर का सबसे बुरा सपना साबित हुई। फिल्म 'अता पता लापता'। साल 2012 में आई इस फिल्म को राजपाल ने सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि अपने एक बड़े अरमान की तरह देखा था। उन्होंने न केवल इसमें मुख्य भूमिका निभाई, बल्कि खुद डायरेक्टर की कमान भी संभाली थी। फिल्म का बजट करीब 5 करोड़ रुपये था, जो उस समय एक बड़ी रकम मानी जाती थी। लेकिन जब फिल्म रिलीज हुई, तो बॉक्स ऑफिस पर इसके नतीजे बेहद डरावने थे। फिल्म ने पूरी दुनिया में महज 38 लाख रुपये का कारोबार किया।

Read More मुंबई : वडाला इलाके में दो युवकों को अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया

फिल्म 'अता पता लापता' कि ये है कहानी 
'अता पता लापता है', फिल्म के प्लॉट की बात करें तो इसमे माधव चतुर्वेदी पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हैं कि उनके पूरे घर में बड़ी चोरी हो गई है। शुरुआती तौर पर मामला एक सामान्य चोरी का लगता है, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर कई सवाल खड़े हो जाते हैं। पुलिस को शक होने लगता है कि कहीं यह चोरी इंश्योरेंस की मोटी रकम हासिल करने के लिए खुद रची गई साजिश तो नहीं है।
इसी बीच मीडिया की एंट्री मामले को और भी पेचीदा और सनसनीखेज बना देती है। खबरों के चलते जनता का दबाव बढ़ता है और पुलिस पर सच्चाई सामने लाने की जिम्मेदारी और भारी हो जाती है।, लेकिन ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर डब्बा गोल साबित हुई थी। एक कॉमेडी और पॉलिटिकल सटायर ये फिल्म यूट्यूब पर उपबल्ध हैं और इसे आयएमडीबी की 5.4 रेटिंग मिली थी। जो आप फ्री में देख सकते हैं। 

Read More बॉम्बे हाई कोर्ट ने क्राइम ब्रांच पुलिस अधिकारी कैलास रामदास सांगले को रिश्वतखोरी के मामले में बरी कर दिया

सपने से शुरू हुआ विवाद जेल तक पहुंचा 
इसी फिल्म की भारी नाकामी ने राजपाल यादव को कर्ज के जाल में फंसा दिया। फिल्म बनाने के लिए उन्होंने जो लोन लिया था, उसकी अदायगी न हो पाने के कारण मामला चेक बाउंस और कोर्ट-कचहरी तक जा पहुंचा। लगभग एक दशक से अधिक चले इस कानूनी विवाद में आखिरकार अदालत ने सख्त रुख अपनाया और राजपाल को सरेंडर करने का आदेश दे डाला। जेल जाते समय राजपाल यादव का गला रुंध गया था और उनकी आंखें नम थीं, जो उनकी बेबसी को साफ बयां कर रही थीं। 

Read More मुंबई: बोरीवली रेलवे पुलिस ने बेघर मजदूर दंपत्ति के पांच वर्षीय बेटे को अपहरण के 24 घंटे के भीतर बचा लिया

राजपाल यादव के दोस्त ने बताई कहां रह गई कमी
राजपाल के करीबी दोस्त और मशहूर निर्देशक अनीस बज्मी इस घटना से काफी दुखी हैं। उन्होंने बताया कि राजपाल यादव एक बेहद ईमानदार और वफादार इंसान हैं। अनीस कहते हैं, "कई बार कलाकार अपने काम को लेकर इतने जुनूनी हो जाते हैं कि वे कागजी बारीकियां और समझौतों के पेच नहीं समझ पाते। राजपाल की मंशा कभी किसी को धोखा देने की नहीं थी, बस एक महत्वाकांक्षी फैसला और सही अनुभव की कमी उन पर भारी पड़ गई।"