मुंबई : 5200 करोड़ सिर्फ रेंट पर खर्च देगा ये बैंक, 19 मंजिला इमारत का होगा इकलौता किराएदार
Mumbai: This bank will spend Rs 5,200 crore on rent alone; it will be the sole tenant of the 19-storey building.
मुंबई के रियल एस्टेट इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ते हुए, जेपी मॉर्गन चेस ने पवई में अपने विशाल साम्राज्य के विस्तार की नींव रख दी है. प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार, यह डील उन कंपनियों के साथ हुई है जिनमें वैश्विक एसेट मैनेजर ब्रुकफील्ड प्रॉपर्टीज की हिस्सेदारी है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी इस प्रोजेक्ट की पुष्टि करते हुए बताया था कि ब्रुकफील्ड इस सुविधा को विकसित करने के लिए राज्य में करीब ₹9,000 करोड़ का निवेश कर रही है.
मुंबई : मुंबई के रियल एस्टेट इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ते हुए, जेपी मॉर्गन चेस ने पवई में अपने विशाल साम्राज्य के विस्तार की नींव रख दी है. प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार, यह डील उन कंपनियों के साथ हुई है जिनमें वैश्विक एसेट मैनेजर ब्रुकफील्ड प्रॉपर्टीज की हिस्सेदारी है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी इस प्रोजेक्ट की पुष्टि करते हुए बताया था कि ब्रुकफील्ड इस सुविधा को विकसित करने के लिए राज्य में करीब ₹9,000 करोड़ का निवेश कर रही है.
यह प्रोजेक्ट पवई में 6 एकड़ के भूखंड पर विकसित किया जा रहा है, जिसे ब्रुकफील्ड ने हाल ही में अधिग्रहित किया था. जेपी मॉर्गन इस 19 मंजिला इमारत (ग्राउंड + 18) का एकमात्र कब्जाधारी होगा. इस कैंपस का मुख्य उद्देश्य जेपी मॉर्गन के मुंबई में फैले विभिन्न कार्यालयों और हजारों कर्मचारियों को एक ही छत के नीचे लाना है, जिससे परिचालन दक्षता और तकनीक को बढ़ावा मिले.
डील की डिटेल्ड जानकारी
कुल किराया और कार्यकाल: 20 साल के कार्यकाल के लिए कुल किराया लगभग ₹5,200 करोड़ होगा. हालांकि, शुरुआती लीज टर्म 10 साल का है.
किराये की दर: शुरुआती मासिक किराया ₹39 करोड़ है, जो करीब ₹300 प्रति वर्ग फुट बैठता है.
सालाना बढ़ोतरी: किराये में हर साल 4.5% की निश्चित बढ़ोतरी होगी.
सिक्योरिटी डिपॉजिट और ड्यूटी: बैंक ने ₹468 करोड़ का सिक्योरिटी डिपॉजिट और ₹125 करोड़ की स्टाम्प ड्यूटी चुकाई है.
इमारत का ढांचा: यह एक ‘बिल्ट-टू-सूट’ सुविधा है जिसमें 19 मंजिलें और 1,300 पार्किंग स्पेस शामिल होंगे.
पार्टनर्स और सलाहकार: यह प्रोजेक्ट एमएमआरडीए और ब्रुकफील्ड के बीच बी.एस. शर्मा की साझेदारी में हुए समझौते के तहत विकसित हो रहा है. CBRE ने रियल एस्टेट सलाहकार और खेतान एंड कंपनी ने ट्रांजेक्शन सलाहकार के रूप में काम किया.


