मुंबई : नेस्को ड्रग केस में बड़ी कार्रवाई, रायगढ़ से 933 एक्स्टसी गोलियां बरामद, 11 गिरफ्तार
Mumbai: Major action in Nesco drug case, 933 ecstasy pills recovered from Raigad, 11 arrested
नेस्को ड्रग मामले की जांच में वनराई पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने बुधवार को रायगढ़ के पोलादपुर इलाके से 933 एक्स्टसी गोलियां बरामद कीं, जिनका कुल वजन 434 ग्राम बताया गया है और इनकी अनुमानित कीमत लगभग 15.39 लाख रुपये आंकी गई है। यह बरामदगी उस समय हुई जब आरोपी आयुष साहित्य ने पूछताछ में यह स्वीकार किया कि गिरफ्तारी के डर से उसने ये ड्रग्स फेंक दिए थे। उसने कथित तौर पर ड्रग्स को ठिकाने लगाने की कोशिश की।
मुंबई : नेस्को ड्रग मामले की जांच में वनराई पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने बुधवार को रायगढ़ के पोलादपुर इलाके से 933 एक्स्टसी गोलियां बरामद कीं, जिनका कुल वजन 434 ग्राम बताया गया है और इनकी अनुमानित कीमत लगभग 15.39 लाख रुपये आंकी गई है। यह बरामदगी उस समय हुई जब आरोपी आयुष साहित्य ने पूछताछ में यह स्वीकार किया कि गिरफ्तारी के डर से उसने ये ड्रग्स फेंक दिए थे। उसने कथित तौर पर ड्रग्स को ठिकाने लगाने की कोशिश की।
इसी बयान के आधार पर पुलिस उसे पोलादपुर लेकर गई, जहां से एक्स्टसी की खेप बरामद की गई और उसे जब्त कर लिया गया। इस खेप में 116 बैंगनी, 55 हरी, 303 चॉकलेट रंग की और 459 गुलाबी गोलियां शामिल थीं।मामले की जांच में यह भी सामने आया है कि इस ड्रग रैकेट का मुख्य सप्लायर कथित तौर पर बैंकॉक भाग गया है। पुलिस अब उसके नेटवर्क और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की जांच कर रही है। इस मामले में गुरुवार को पांच आरोपियों को बोरीवली स्थित मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया गया। अदालत ने आनंद पटेल, विनीत गेरेलानी, शुभ अग्रवाल और आयुष साहित्य को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। वहीं जिया जैकब को 27 अप्रैल तक पुलिस हिरासत में भेजा गया है। एक अन्य आरोपी, सुरक्षा गार्ड प्रदीप गुप्ता को शुक्रवार को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस ने सभी आरोपियों की पांच दिन की कस्टडी की मांग की थी, लेकिन अदालत ने आंशिक रूप से ही मंजूरी दी।
यह मामला 11 अप्रैल को गोरेगांव ईस्ट स्थित नेस्को एग्जीबिशन सेंटर में आयोजित ‘999999999’ टेक्नो कॉन्सर्ट से जुड़ा है, जहां कथित तौर पर एक्स्टसी पिल्स के ओवरडोज़ से दो एमबीए छात्रों की मौत हो गई थी। घटना के बाद पूरे मामले ने तूल पकड़ लिया और पुलिस ने जांच तेज कर दी। अब तक इस केस में कुल 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
पुलिस का कहना है कि यह एक संगठित नेटवर्क हो सकता है, जो विभिन्न शहरों और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक फैला हुआ है। जांच एजेंसियां अब सप्लाई चैन, फंडिंग और विदेशी कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही हैं। इस पूरे मामले ने मुंबई और आसपास के इलाकों में ड्रग्स के बढ़ते नेटवर्क को लेकर चिंता बढ़ा दी है। पुलिस आगे की कार्रवाई में और गिरफ्तारियों की संभावना से इनकार नहीं कर रही है।


