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Read More... मुंबई: शिवसेना विवाद में उद्धव गुट का चुनाव आयोग पर निशाना
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By Online Desk
सर्वोच्च न्यायालय ने मंगलवार को महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष द्वारा संविधान की दसवीं अनुसूची के तहत शिवसेना के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले गुट के विधायकों को अयोग्य घोषित करने से इनकार करने को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई की। उद्धव ठाकरे गुट ने तर्क दिया कि विधायी विंग में विभाजन को अपने आप में राजनीतिक दल में विभाजन नहीं माना जा सकता है। नवी मुंबई : मेयर चुनाव में शिंदे गुट को बड़ा झटका, महापौर-डिप्टी मेयर पद पर BJP का कब्जा
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मेयर चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार को जीत मिली है. सुजाता सूरज पाटिल शिवसेना के प्रत्याशी को हराकर नवी मुंबई की नई मेयर चुनी गई हैं. नवी मुंबई मेयर चुनाव में एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना को झटका लगा है. यहां शिवसेना को न तो मेयर का पद और ना ही डिप्टी मेयर का पद मिला है. गुरुवार (05 फरवरी) को हुए मेयर चुनाव में बीजेपी की सुजाता सूरज पाटिल नवी मुंबई की नई मेयर चुनी गई हैं. पाटिल ने मेयर पद को लेकर चुनावी रेस में शिवसेना उम्मीदवार सरोज रोहिदास पाटिल को हराया. ठाणे में शिवसेना को बड़ा झटका, जिस वार्ड में रहते हैं एकनाथ शिंदे वहां उद्धव गुट की जीत
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ठाणे महानगरपालिका की वार्ड नंबर 13-अ में एकनाथ शिंदे की शिवसेना को बड़ा झटका लगा है. महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे यहीं रहते हैं और पार्टी को हार का सामना करना पड़ा है. इस वार्ड में शिवसेना के उम्मीदवार और पूर्व मेयर अशोक वैती को उद्धव ठाकरे गुट ने हराया. उद्धव ठाकरे गुट के उम्मीदवार शाहजी खुपसे ने 667 वोटों से जीत हासिल की है. ठाणे महानगरपालिका में कुल 131 वार्ड हैं. परिवारवाद पर शिंदे गुट के नेताओं का प्रहार, कार्यकर्ताओं को मौका देकर बनाई मिसाल
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मुंबई और ठाणे में आगामी महानगरपालिका चुनावों से पहले एक दिलचस्प और सकारात्मक राजनीतिक बदलाव देखने को मिल रहा है। आमतौर पर चुनावों में जहां नेता अपने परिवार और रिश्तेदारों को टिकट दिलाने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगाते हैं, वहीं शिवसेना (शिंदे गुट) के कुछ प्रमुख नेताओं ने ‘परिवारवाद’ को दरकिनार कर सामान्य कार्यकर्ताओं के लिए अपनी दावेदारी छोड़ दी है। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना के पूर्व सांसद राहुल शेवाले की पत्नी कामिनी शेवाले, मंत्री प्रताप सरनाईक के पुत्र पूर्वेश सरनाईक और सांसद नरेश म्हस्के के पुत्र आशुतोष म्हस्के ने उम्मीदवारी से पीछे हटकर एक राजनीतिक मिसाल पेश की है। 
