Indian Army
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
Read More... भारत-इंडोनेशिया के बीच रक्षा सहयोग मजबूत करने पर जोर, लखनऊ में 12वीं Army-to-Army Staff Talks संपन्न
Published On
By Rokthok Lekhani
भारत और इंडोनेशिया के बीच 12वीं Army-to-Army Staff Talks लखनऊ में 11 से 13 अगस्त तक आयोजित हुई। वार्ता में रक्षा सहयोग, संयुक्त सैन्य प्रशिक्षण, विशेषज्ञता के आदान-प्रदान और दोनों देशों के सैन्य संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने मजबूत भारत-इंडोनेशिया रणनीतिक साझेदारी के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई। पहलगाम हमले का बदला : भारतीय सेना के पराक्रम पर पूरे देश को गर्व - शरद पवार
Published On
By Online Desk
“भारत की संप्रभुता और उसके नागरिकों की सुरक्षा को बनाए रखने वाले और पहलगाम हमले का मुंहतोड़ जवाब देने वाले सभी भारतीय सैनिकों को हार्दिक बधाई! जय हिंद!” अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि भारतीय वायुसेना ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में स्थित प्रतिबंधित जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिज्बुल मुजाहिद्दीन के नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया। भारतीय सेना चीन सीमा पर हर मौसम में तेजी से पहुंच सकेगी... 13 हजार फीट की ऊंचाई पर बनी सेला सुरंग
Published On
By Online Desk
भारतीय सेना अब हर मौसम में तेजी से चीन सीमा तक पहुंच सकेगी। इससे तेजपुर से तवांग तक यात्रा के समय में एक घंटे से अधिक की कमी आएगी। पीएम ने अरुणाचल प्रदेश राज्य परिवहन की बस को हरी झंडी दिखाकर सेला सुरंग का उद्घाटन किया, जो इससे होकर गुजरी। सेला सुरंग 13 हजार फीट की ऊंचाई पर दुनिया की सबसे लंबी डबल-लेन सुरंग है। 825 करोड़ रुपये की लागत से इसका निर्माण सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने किया है। चीन से लगती वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के निकट होने के कारण यह सामरिक रूप से बहुत महत्वपूर्ण है। मणिपुर में भारतीय सेना के जूनियर कमीशन अधिकारी का अपहरण... जांच में जुटीं सुरक्षा एजेंसियां
Published On
By Online Desk
चारों जम्मू-कश्मीर में तैनात भारतीय सेना के जवान के परिवार के सदस्य थे। पांचवें सदस्य (सैनिक के पिता) घायल हो गए थे और भागने में कामयाब रहे। बाद में सेना इलाज के लिए उन्हें दीमापुर ले गई। बाद में उन्हें असम के गुवाहाटी के बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया। 
