शिवसेना के साथ गठबंधन के चलते राजनीतिक विस्‍तार नहीं कर पाई – पूर्व मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

शिवसेना के साथ गठबंधन के चलते राजनीतिक विस्‍तार नहीं कर पाई – पूर्व मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

Rokthok Lekhani

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मुंबई : वरिष्‍ठ भाजपा नेता और महाराष्‍ट्र के पूर्व मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि शिवसेना के साथ गठबंधन में होने के कारण उनकी पार्टी पहले अपना राजनीतिक विस्तार नहीं कर सकती थी, लेकिन गठबंधन टूटने के मद्देनजर अगले चुनावी के बाद पार्टी अपनी सरकार बनाएगी। विधानसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि अब जब शिवसेना ने भाजपा के साथ संबंध तोड़ दिया है और कांग्रेस-एनसीपी के साथ मिलकर सरकार बना ली है, भाजपा के पास राज्य में अपने आधार विस्तार का सुनहरा मौका है।

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गुरुवार को पुणे जिले से शिवसेना नेता आशा बुचाके भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष चन्द्रकांत पाटिल की उपस्थिति में पार्टी में शामिल हुईं। फडणवीस इसी अवसर पर बोल रहे थे। फडणवीस ने कहा, ‘भाजपा पहले राज्य में विस्तार नहीं कर पाई क्योंकि वह गठबंधन (शिवसेना के साथ) में थी। अब तीन दल सत्ता में हैं और भाजपा के पास राज्य में अपने आधार विस्तार का सुनहरा मौका है।’

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पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले विधानसभा चुनाव (2024 में संभावित) के बाद भाजपा अपने बूते पर सरकार बनाएगी। उन्होंने कहा, ‘सत्तारूढ़ तीनों पार्टियों का दम घुट रहा है। सत्तारूढ़ गठबंधन वाले दल (शिवसेना) की नेता आशा बुचाके का भाजपा में शामिल होना स्वागत योग्य है।’

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भाजपा और शिवसेना के बीच पहली बार 1980 की दशक में महाराष्ट्र और राष्ट्रीय स्तर पर गठबंधन हुआ। 2014 में गठबंधन कुछ समय के लिए टूटा और दोनों पार्टियों ने अपने बूते पर चुनाव लड़ा। 2014 की दूसरी छमाही में शिवसेना फिर से भाजपा से जुड़ी और गठबंधन ने फडणवीस के नेतृत्व में महाराष्ट्र में सरकार बनाई। दोनों दलों ने फिर से 2019 में साथ मिलकर विधानसभा चुनाव जीता। लेकिन सत्ता में हिस्सेदारी को लेकर शिवसेना ने अपना रास्ता अलग कर लिया और कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर सरकार बनाई।


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