पनवेल में फायर हेल्पलाइन फेल होने पर शिवसेना का अनोखा विरोध, दमकल अधिकारी का निजी नंबर गाड़ियों पर चिपकाया
Shiv Sena Workers Paste Fire Officer’s Personal Mobile Number On Vehicles In Panvel After Alleged Helpline Failure
पनवेल में फायर हेल्पलाइन कथित रूप से फेल होने पर शिवसेना कार्यकर्ताओं ने विरोध करते हुए दमकल अधिकारी का निजी मोबाइल नंबर फायर ब्रिगेड वाहनों पर चिपका दिया।
महाराष्ट्र के पनवेल में फायर हेल्पलाइन सेवा कथित तौर पर काम न करने को लेकर शिवसेना कार्यकर्ताओं ने अनोखे तरीके से विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दमकल विभाग के एक अधिकारी का निजी मोबाइल नंबर फायर ब्रिगेड वाहनों पर चिपका दिया, जिससे मामला चर्चा में आ गया।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, स्थानीय लोगों और शिवसेना कार्यकर्ताओं का आरोप है कि आपात स्थिति के दौरान फायर हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क नहीं हो पा रहा था। इससे नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ा और आपात सेवाओं की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे।
इसी के विरोध में शिवसेना पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने फायर स्टेशन पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि अगर आधिकारिक हेल्पलाइन काम नहीं कर रही है तो लोगों को सीधे जिम्मेदार अधिकारियों से संपर्क करना पड़ेगा। इसी संदेश के तौर पर अधिकारी का निजी नंबर वाहनों पर लगाया गया।
घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और फायर विभाग में हलचल मच गई। अधिकारियों ने कहा कि तकनीकी कारणों से हेल्पलाइन में दिक्कत आई थी, जिसे जल्द ठीक कर लिया गया। साथ ही लोगों से आपातकालीन सेवाओं के नंबरों का जिम्मेदारी से उपयोग करने की अपील की गई।
फायर विभाग के अधिकारियों का कहना है कि निजी मोबाइल नंबर सार्वजनिक करना सुरक्षा और गोपनीयता के लिहाज से गलत है। इस मामले को लेकर कानूनी पहलुओं की भी जांच की जा सकती है।
स्थानीय नागरिकों ने कहा कि आपातकालीन सेवाओं का सुचारू रूप से काम करना बेहद जरूरी है, खासकर मानसून और गर्मी के मौसम में जब आग लगने और अन्य घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।
पनवेल और नवी मुंबई क्षेत्र में हाल के दिनों में कई बार नागरिक सुविधाओं और हेल्पलाइन सेवाओं को लेकर विरोध प्रदर्शन देखने को मिले हैं। राजनीतिक दल भी इन मुद्दों को लेकर प्रशासन पर दबाव बनाते नजर आ रहे हैं।
फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हेल्पलाइन सिस्टम को मजबूत करने का आश्वासन दिया है।


