Setback
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
Read More... भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका मेयर के चुनाव से पहले बीजेपी को बड़ा झटका; कांग्रेस का मेयर चुनने का रास्ता लगभग साफ
Published On
By Online Desk
महाराष्ट्र के भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका में मेयर चुनाव से पहले सियासी उलटफेर की बड़ी खबर सामने आई है. यहां मेयर के चुनाव से पहले बीजेपी को बड़ा झटका लगा है. उसके 22 पार्षदों में से 9 ने अलग गुट बनाकर कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन को समर्थन दिया है. इसके बाद अब कांग्रेस पार्टी के लिए यहां अपना मेयर चुनने का रास्ता लगभग साफ हो गया है. इस महानगरपालिका के चुनाव में कांग्रेस को सबसे अधिक 30 सीटें मिली थीं. हालांकि किसी पार्टी को यहां बहुमत नहीं मिला है. भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका में कुल 90 सीटें हैं. नवी मुंबई : मेयर चुनाव में शिंदे गुट को बड़ा झटका, महापौर-डिप्टी मेयर पद पर BJP का कब्जा
Published On
By Online Desk
मेयर चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार को जीत मिली है. सुजाता सूरज पाटिल शिवसेना के प्रत्याशी को हराकर नवी मुंबई की नई मेयर चुनी गई हैं. नवी मुंबई मेयर चुनाव में एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना को झटका लगा है. यहां शिवसेना को न तो मेयर का पद और ना ही डिप्टी मेयर का पद मिला है. गुरुवार (05 फरवरी) को हुए मेयर चुनाव में बीजेपी की सुजाता सूरज पाटिल नवी मुंबई की नई मेयर चुनी गई हैं. पाटिल ने मेयर पद को लेकर चुनावी रेस में शिवसेना उम्मीदवार सरोज रोहिदास पाटिल को हराया. मुंबई : शिवसेना को बड़ा झटका; 200 से ज्यादा पदाधिकारियों ने दिया सामूहिक इस्तीफा
Published On
By Online Desk
मुंबई महानगरपालिका चुनाव के बीच डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे की शिवसेना को मुंबई में बड़ा झटका लगा है. गोरेगांव में 200 से ज्यादा पदाधिकारियों ने सामूहिक इस्तीफा दे दिया है. बताया जाता है कि उम्मीदवारी और पद वितरण को लेकर स्थानीय कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी है. जिस कारण इस्तीफे का यह फैसला लिया गया है. मुंबई के गोरेगांव और दिंडोशी इलाके में पार्टी के विभाग प्रमुख समेत 200 कार्यकर्ताओं ने सामूहिक इस्तीफा दे दिया है. बताया जा रहा है कि शिंदे गुट के 35 से 40 पदाधिकारियों ने निर्दलीय चुनाव लड़ने की ठान ली है और नामांकन वापस लेने से मना कर दिया है. विवाद की जड़ प्रभाग क्रमांक 54 है, जो शिंदे गुट के पास था लेकिन उसे बीजेपी को सौंप दिया गया. मुंबई : उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे राजनीतिक झटका; बहन और पूर्व नगरसेविका विमल ओंबले ने अजित पवार की नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी में शामिल
Published On
By Online Desk
नगर निगम चुनाव में नाम वापस लेने के आखिरी दिन नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिला। नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी ने बगावत को सफलतापूर्वक कुचल दिया, जबकि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उनकी बहन और पूर्व नगरसेविका विमल ओंबले ने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली और सीधे अजित पवार की नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी में शामिल होकर एक बड़ा राजनीतिक झटका दिया। नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी ने मेयर पद के लिए सुनील शिंदे को उम्मीदवार बनाया था। हालांकि, टिकट न मिलने पर नासिर मुलानी ने बगावत का झंडा उठा लिया था। मंत्री मकरंद पाटिल महाबलेश्वर आए और मुलानी को मना लिया। नतीजतन, मुलानी ने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली। इससे नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी का अंदरूनी संघर्ष थम गया और संगठन एकजुट रहा। 
