महाराष्ट्र में पेट्रोल-डीजल पर VAT घटाने की मांग तेज: Jayant Patil बोले- महंगाई से आम जनता परेशान
Demand for reduction in VAT on petrol and diesel intensifies in Maharashtra: Jayant Patil said – common people are troubled by inflation
Jayant Patil ने महाराष्ट्र सरकार से पेट्रोल-डीजल पर VAT कम करने की मांग की। कहा- बढ़ती महंगाई से आम जनता परेशान।
Jayant Patil ने महाराष्ट्र सरकार से पेट्रोल और डीजल पर लगाए गए VAT और सरचार्ज को कम या खत्म करने की मांग की है। उनका कहना है कि बढ़ती महंगाई और लगातार बढ़ रहे ईंधन दामों ने आम लोगों की कमर तोड़ दी है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, NCP (SP) नेता Jayant Patil ने मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis को पत्र लिखकर तत्काल राहत देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में हाल के दिनों में कई बार बढ़ोतरी हुई है, जिसका सीधा असर आम जनता और किसानों पर पड़ रहा है।
Patil के अनुसार, मुंबई में पेट्रोल की कीमत लगभग ₹111 प्रति लीटर और डीजल की कीमत ₹96 प्रति लीटर तक पहुंच चुकी है। उन्होंने दावा किया कि महाराष्ट्र सरकार पेट्रोल पर करीब 25 प्रतिशत VAT और अतिरिक्त सरचार्ज वसूल रही है, जबकि डीजल पर भी भारी टैक्स लागू है।
उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों, खासकर खाड़ी देशों में जारी तनाव के कारण ईंधन कीमतों और जरूरी वस्तुओं के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। इसका असर खाद्य तेल, सब्जियों और परिवहन लागत पर भी दिखाई दे रहा है।
Jayant Patil ने मांग की कि राज्य सरकार VAT और सरचार्ज हटाकर लोगों को राहत दे। उनका दावा है कि ऐसा होने पर पेट्रोल और डीजल की कीमतें ₹70 से ₹80 प्रति लीटर तक आ सकती हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ईंधन की कीमतें महाराष्ट्र समेत पूरे देश में बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनी हुई हैं। विपक्ष लगातार सरकार पर महंगाई को लेकर हमला कर रहा है, जबकि सरकार का कहना है कि टैक्स से मिलने वाला राजस्व विकास कार्यों के लिए जरूरी है।
विशेषज्ञों के अनुसार, अगर VAT में कटौती होती है तो ट्रांसपोर्टेशन लागत कम हो सकती है, जिससे रोजमर्रा की चीजों की कीमतों पर भी असर पड़ सकता है। हालांकि इससे राज्य सरकार के राजस्व पर दबाव बढ़ने की संभावना भी जताई जा रही है।
फिलहाल सरकार की ओर से इस मांग पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन बढ़ती महंगाई के बीच यह मुद्दा महाराष्ट्र की राजनीति में चर्चा का केंद्र बन गया है।


