मणिपुर के नाम पर महाराष्ट्र में उपद्रव

Mischief in Maharashtra in the name of Manipur

मणिपुर के नाम पर महाराष्ट्र में उपद्रव

 

महाराष्ट्र के नासिक में शनिवार (29 जुलाई) को प्रदर्शनकारियों द्वारा किए गए पथराव में कम से कम 10 पुलिसकर्मी घायल हो गए. प्रदर्शनकारी मणिपुर अत्याचार के दौरान दो स्त्रियों के वायरल वीडियो के विरुद्ध आंदोलन कर रहे थे. वहीं, पथराव के बाद पुलिस ने करीब 30 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया. एकलव्य आदिवासी संगठन, वंचित बहुजन अगाड़ी और अन्य क्षेत्रीय संगठनों ने नासिक में विरोध प्रदर्शन का आयोजन किया था. हजारों युवा बगैर शर्ट पहने विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए और विरोध जताने के लिए एक मार्च का आयोजन किया

Read More  हिंगोली : बेमौसम बारिश से किसानों को खासा नुकसान

जब वे तहसील कार्यालय पहुंचे तो कुछ लोगों ने सताना पुलिस स्टेशन के सामने धरना-प्रदर्शन करने का कोशिश किया. वहीं, पुलिस ने बोला कि उनके पास धरना-प्रदर्शन की अनुमति नहीं थी. इसके अलावा, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को सूचित किया कि MLA ज्ञापन स्वीकार नहीं कर सकते क्योंकि वह मुंबई में विधानसभा सत्र में हिस्सा ले रहे थे. प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच संघर्ष तब प्रारम्भ हो गया, जब उन्होंने पुलिस कर्मियों और क्षेत्र से गुजर रहे वाहनों पर पथराव किया. घटना के बाद एहतियात के तौर पर दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं.

Read More  नवी मुंबई : सेवानिवृत्त और दिवंगत पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के बच्चों को रोजगार के अवसर

प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा. पुलिस अधीक्षक शाहजी ने मीडिया को कहा कि, ”घटना में दस पुलिसकर्मी घायल हो गए और हमने पथराव करने वाले 21 लोगों को हिरासत में ले लिया है. यह घटना विरोध मार्च के बाद हुई. तुरंत अतिरिक्त बल बुलाया गया. स्थिति अब शांतिपूर्ण है.” मुद्दे की जांच चल रही है.

Read More नांदेड़ : खाद्य विषाक्तता; 31 छात्र अस्पताल में भर्ती 

मणिपुर वायरल वीडियो :-

Read More पालघर : कार की चपेट में आने से 73 वर्षीय महिला की मौत

बता दें कि, 19 जुलाई को मणिपुर में दो स्त्रियों को निर्वस्त्र कर घुमाने का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया. यह घटना मणिपुर अत्याचार प्रारम्भ होने के एक दिन बाद 4 मई को हुई. इसकी सूचना सबसे पहले 18 मई को दी गई थी. मुद्दे में दो एफआईआर दर्ज की गईं, जिनमें से दूसरी 21 जून को सैकुल थाने में दर्ज की गई थी. मुद्दे में अब तक सात गिरफ्तारियां हो चुकी हैं. मुद्दे ने सियासी मोड़ ले लिया और विपक्षी नेताओं ने मुद्दे को लेकर संसद की कार्यवाही रोक दी. मणिपुर वायरल वीडियो मुद्दा केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंप दिया गया है.

Tags: