Akasa
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
Read More... दिल्ली एयरपोर्ट पर बड़ा हादसा टला: स्पाइसजेट और अकासा एयर के विमानों के पंख आपस में टकराए; सभी यात्री सुरक्षित
Published On
By Online Desk
इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बुधवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब टैक्सीइंग के दौरान स्पाइसजेट का एक विमान अकासा एयर के विमान से टकरा गया। इस घटना में दोनों विमानों को नुकसान पहुंचा, हालांकि राहत की बात यह रही कि सभी यात्री और क्रू पूरी तरह सुरक्षित हैं। जानकारी के अनुसार, स्पाइसजेट का बी737-700 विमान रनवे की ओर बढ़ रहा था, तभी उसका दाहिना विंगलेट दूसरे विमान से टकरा गया। नवी मुंबई-वाराणसी के बीच अकासा एयर की नई उड़ान आज से
Published On
By Online Desk
अकासा एयर की ओर से वाराणसी और नवी मुंबई के बीच एक और उड़ान सेवा आज से शुरू हो रही है। इससे दोनों शहरों के बीच हवाई कनेक्टिविटी और मजबूत होगी तथा यात्रियों को अधिक विकल्प मिलेंगे। एयरलाइन के सेल्स हेड राहुल सिंह ने बताया कि फ्लाइट क्यूपी 2021 नवी मुंबई से सुबह 11:00 बजे प्रस्थान कर वाराणसी पहुंचेगी। नवी मुंबई : अकासा एयर की नई उड़ानें, नवी मुंबई और बेंगलुरु से वाराणसी के लिए सीधी सेवा
Published On
By Online Desk
नवी मुंबई एयरपोर्ट से अकासा एयर अब वाराणसी के लिए एक सीधी विमान सेवा शुरू करने जा रही है। यह सेवा 17 फरवरी से शुरू करेगी। महाराष्ट्र में नवी मुंबई एयरपोर्ट की शुरुआत बीते 25 दिसंबर को हुई थी। विमानन कंपनी ने संचालन की घोषणा के साथ ही टिकट की बुकिंग भी शुरू कर दी है।अकासा एयर का विमान क्यू पी 2001 सुबह 6.50 बजे नवी मुंबई से उड़ान भरकर सुबह 9.20 बजे वाराणसी पहुंचेगा। मुंबई : यौन उत्पीड़न के आरोपी अकासा एयर के कैप्टन की याचिका खारिज
Published On
By Online Desk
बॉम्बे हाईकोर्ट ने सोमवार को यौन उत्पीड़न के आरोपी अकासा एयर के एक कैप्टन की याचिका खारिज कर दी, जिन्होंने इस मामले में आंतरिक शिकायत समितियों (आईसीसी) की रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाया था।कैप्टन ने 12 फरवरी को अदालत का दरवाजा खटखटाया था और तर्क दिया था कि आईसीसी द्वारा अपनी अंतिम रिपोर्ट प्रकाशित करने से पहले उन्हें अपने खिलाफ उत्पीड़न मामले में गवाहों से जिरह करने का मौका नहीं दिया गया। उन्होंने अदालत को बताया कि यह "प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का उल्लंघन" है, जिसके अनुसार किसी भी मामले में सभी पक्षों की बात सुनी जानी चाहिए। 
