येवला नगरपारिषद मेयर पद को लेकर Mahayuti में खींचतान — भाजपा, NCP और शिवसेना के बीच राजनैतिक समीकरण उलझे हुए
A tussle within the Mahayuti over the Yevla Municipal Council mayoral post—political equations are complicated between the BJP, NCP, and Shiv Sena.
येवला (नाशिक) में नगरपारिषद चुनाव के मेयर पद को लेकर महायुति (BJP + NCP + शिवसेना) में विवाद गहराता जा रहा है। तीनों पार्टियों में गठबंधन को लेकर अभी सहमति नहीं बनी है, जिससे मेयर उम्मीदवार का फैसला और भी पेचीदा हो गया है।
भाजप ने येवला मेयर की कुर्सी पर अपना दावा जताते हुए जिला सरचिटणीस आनंद शिंदे को उम्मीदवार बनाया है। हालांकि, NCP और शिवसेना दोनों ही इस पद को पाने के लिए इच्छुक हैं, जिससे गठबंधन के अंदर तालमेल बिगड़ने की स्थिति बनी है।
राजनीतिक बैठकें लगातार हो रही हैं, लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि कौन सा पक्ष कब पीछे हटेगा। इस अनिश्चितता के बीच, तीनों पार्टियों के नेता अपनी-अपनी दावेदारी मजबूत करने में लगे हैं।
भाजप की तेजी इस बात से पता चलती है कि वह नगरपारिषद में नेतृत्व की कुर्सी पर कब्जा जमाना चाहती है। वहीं, NCP और शिवसेना के बीच सत्ता साझेदारी को लेकर अभी “रस्सी-खेच” जारी है।
ये गतिरोध येवला की स्थानीय राजनीति में महत्त्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि मेयर पद न केवल सम्मान का सवाल है, बल्कि नगर परिषद के कामकाज और संसाधन नियंत्रण में भी बड़ा हाथ रखता है।
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