कुर्ला न्यू नूर हॉस्पिटल की लापरवाही को सामने लाने पर डॉक्टरों ने किया तीन पत्रकार पर जानलेवा हमला
Three journalists were attacked by doctors for exposing the negligence of Kurla New Noor Hospital
दरअसल मामला 14 अक्टूबर का है जहां एक अजीम डॉक्टर ने मरियां मेटरनिटी चाइल्ड केअर सेंटर से न्यू नूर में एक 11 महीने बच्चे को नूर हॉस्पिटल रेफर किया था
मुंबई : दरअसल मामला 14 अक्टूबर का है जहां एक अजीम डॉक्टर ने मरियां मेटरनिटी चाइल्ड केअर सेंटर से न्यू नूर में एक 11 महीने बच्चे को नूर हॉस्पिटल रेफर किया था और उन्होंने यह कहा था कि वे नूर हॉस्पिटल में भर्ती कराएं जिसके बाद में अजीम डॉक्टर वहां आकर उस बच्चे का इलाज करेंगे हुबहू परिवार ने ऐसे ही किया बच्चे को न्यू नूर हॉस्पिटल में भर्ती कराया और भर्ती कर आते वक्त पेमेंट भी किया और इसकी सूचना डॉक्टर अजीम को दी ।
डॉक्टर अजीम ने कहा थोड़ी देर रुको मैं आता हूं जिसके बाद 5 घंटे बीत गए लगभग 50 कॉल कर डाले मगर डॉक्टर अजीम ने एक भी कॉल उठाया नहीं और ना ही डॉक्टर अजीम ने हॉस्पिटल का कॉल उठाया जिसके बच्चा ज़िंदगी और मौत के बीच खड़ा रहा बाद बच्ची की हालत कुछ इस तरह से क्रिटिकल हो गई कि वहां मौजूद डॉक्टर अयस ने 5 घंटे बाद उस बच्चे को सीपीआरअस देकर उसकी जान बचाई और फिर नजदीकी हॉस्पिटल क्रिटीकेयर में उस बच्चे को भर्ती कराया गया ।
मिली जानकारी के अनुसार न्यू नूर में दो डॉक्टर और थे उन्होंने परिवार वालों से यह कहा कि यह डॉक्टर अजीम का पेशेंट है तो इसे आकर डॉक्टर अजीम ही देखेंगे इस बीच उस बच्चे की हालत बहुत नाजुक हो गई थी और बच्चे को दो अटैक भी आता था इसे न्यूज़ को कवर करने गए तीन पत्रकार जब हॉस्पिटल का बाहर से खड़े रहकर वीडियो ले रहे थे तो हॉस्पिटल के कुछ स्टाफ और डॉक्टर ने उन्हें वीडियो लेने से मना कर दिया और वह वीडियो बंद करके चुपचाप आगे बढ़ने लगे तो पीछे से डॉक्टर आसिफ ने आवाज देकर अबशब्द कहा और वीडियो डिलीट करने को कहा मगर उन्होंने वीडियो डिलीट नहीं किया ।
फिर इस बात पर गुस्सा डॉ आसिफ ने पत्रकार पर हमला किया और डॉक्टर आसिफ के साथियों ने भी इन तीनों पत्रकार पर खूनी हमला किया उसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने बाबा हॉस्पिटल ले जाकर उनको उपचार दिया और कुछ सुविधा ना होने के कारण उन्हें साइन हॉस्पिटल में शिफ्ट किया गया जहां उपचार हुआ और फिर से पुलिस स्टेशन में आए और डॉक्टर आसिफ और तीन अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करें और आगे की जांच कर रही है ।


