राज्यसभा चुनाव लड़ने पर अड़े संभाजीराजे छत्रपति…, शिवसेना-भाजपा उतारेंगे अपने उम्मीदवार!

Rokthok Lekhani
मुंबई : कोल्हापुर शाही परिवार के सदस्य और छत्रपति शिवाजी महाराज के वंशज संभाजीराजे छत्रपति ने बीते बुधवार को साफ कर दिया कि वे निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर राज्यसभा चुनाव लड़ेंगे. उन्होंने इसके लिए सभी दलों से समर्थन देने की अपील की है. गौरतलब है संभाजीराजे राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत राज्यसभा के सदस्य रह चुके हैं. वे पहले भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) से जुड़े हुए थे. संभाजीराजे द्वारा चुनाव लड़ने की घोषणा के बीच शिवसेना के मुख्य प्रवक्ता संजय राउत ने कहा है कि उनकी पार्टी छठी सीट पर भी चुनाव लड़ेगी. शिवसेना के इस कदम से संभाजीराजे को झटका लग सकता है.
इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक संभाजीराजे ने कहा है कि वे निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने के लिए दृढ़ हैं. साथ ही उन्होंने सभी राजनीतिक दलों को पत्र लिखकर अपनी उम्मीदवारी के लिए समर्थन मांगा है. हालांकि संभाजीराजे ने यह भी कहा कि अभी तक किसी पार्टी ने कोई जवाब नहीं दिया है, मगर उन्हें उम्मीद है कि उन्हें समर्थन मिलेगा. निर्दलीय चुनाव लड़ने के पीछे उनकी यह सोच है कि वे लोगों के सामने किसी पार्टी विशेष की विचारधारा के साथ नहीं दिखना चाहते हैं.
उन्होंने कहा, ‘मैं समाज के सभी वर्गों का प्रतिनिधित्व करना चहता हूं. मैंने 6 साल जनता के लिए काम किए हैं. मैं गरीबों के लिए काम करना जारी रखना चाहता हूं और उनके लिए न्याय चाहता हूं.’ इसी बीच शिवसेना और भाजपा ने भी बची हुई एक सीट पर चुनाव लड़ने के साफ संकेत दिए हैं. शिवसेना नेता और महा विकास अघाड़ी सरकार में मंत्री अनिल परब का कहना है कि शिवसेना अपनी संख्या के आधार पर एक और सीट पर चुनाव लड़ेगी. वहीं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकंपा) के नेता और उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने कहा है कि इस मामले में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से सलाह मशविरा करने के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा.
लेकिन राजनीतिक गलियारों में ऐसी चर्चा है कि राकंपा सुप्रीमो शरद पवार संभाजीराजे का समर्थन कर सकते हैं. महाराष्ट्र विधानसभा में भाजपा के पास कुल 105 विधायक हैं और उन्हें कुछ निर्दलीय विधायकों का भी समर्थन प्राप्त है. संख्या के हिसाब से भाजपा दो सीटें जीत सकती है. सूत्रों का कहना है कि भाजपा संभाजीराजे का समर्थन नहीं करेगी. वहीं अपनी तीसरी सीट के लिए पार्टी धनंजय महाडिक और विनोद तावड़े जैसे नेताओं पर विचार कर रही है.


