<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/7774/drivers" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>Drivers - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/7774/rss</link>
                <description>Drivers RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>मुंबई में ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों के लिए मराठी बोलना जरूरी नहीं, सरकार ने 6 महीने के लिए टाला फैसला</title>
                                    <description><![CDATA[<p>1 मई से ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों के लिए मराठी बोलना जरूरी नहीं होगा। महाराष्ट्र सरकार ने पहले ऐलान किया था कि मुंबई में ऑटो-रिक्शा या टैक्सी चलाने वाले सभी लोगों के लिए 1 मई से मराठी बोलना जरूरी होगा। हालांकि, विरोध के बाद इस फैसले को 6 महीने के लिए टाल दिया गया है। हालांकि, इस दौरान मराठी बोलने वाले और गैर मराठी ऑटो-रिक्शा ड्राइवरों का वेरिफिकेशन जारी रहेगा। महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने कहा था कि मुंबई में रिक्शा चालकों के लिए मराठी भाषा सीखना अनिवार्य किया जाएगा।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49525/it-is-not-necessary-for-auto-rickshaw-and-taxi-drivers"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-27t174737.088.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>1 मई से ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों के लिए मराठी बोलना जरूरी नहीं होगा। महाराष्ट्र सरकार ने पहले ऐलान किया था कि मुंबई में ऑटो-रिक्शा या टैक्सी चलाने वाले सभी लोगों के लिए 1 मई से मराठी बोलना जरूरी होगा। हालांकि, विरोध के बाद इस फैसले को 6 महीने के लिए टाल दिया गया है। हालांकि, इस दौरान मराठी बोलने वाले और गैर मराठी ऑटो-रिक्शा ड्राइवरों का वेरिफिकेशन जारी रहेगा। महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने कहा था कि मुंबई में रिक्शा चालकों के लिए मराठी भाषा सीखना अनिवार्य किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा था कि यदि रिक्शा चालकों को मराठी नहीं आती, तो उनके परमिट रद्द कर दिए जाएंगे। इसके बाद मराठी बनाम गैर-मराठी विवाद दोबारा उभर गया था।</p>
<p> </p>
<p>इस मुद्दे पर कई नेताओं ने विवादित बयान भी दिए थे। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे के बेटे अमित ठाकरे भी इनमें से एक थे। अमित ठाकरे ने कहा था कि जो मराठी भाषा अनिवार्य करने का विरोध कर रहे हैं। अगर उनके आंदोलन से किसी मराठी व्यक्ति को परेशानी हुई तो उसे सड़क पर ही पीटेंगे।</p>
<p><strong>विपक्ष के नेताओं ने गुंडागर्दी का किया था विरोध</strong><br />गैर मराठीभाषी लोगों के अलावा विपक्ष के नेताओं ने भी मराठी के नाम पर गुंडागर्दी का विरोध किया था। एआईएमआईएम के नेता इम्तियाज जलील ने कहा था कि महाराष्ट्र में रहने वाले सभी लोगों को मराठी बोलनी चाहिए। जिन लोगों को नहीं आती है, उन्हें मराठी सिखाई जानी चाहिए, लेकिन भाषा के नाम पर गुंडागर्दी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा था कि लोगों को मराठी सिखाने का बेहतर तरीका अपनाया जाना चाहिए। अब संभवतः महाराष्ट्र सरकार भी इसी दिशा में आगे बढ़ रही है।</p>
<p><strong>सरकार तैयार करेगी सिलेबस</strong><br />महाराष्ट्र सरकार पहले ही कह चुकी है कि ऑटो-रिक्शा चलाने वाले लोगों को मराठी में पढ़ना या लिखना जरूरी नहीं है, उन्हें सिर्फ आम बोलचाल की भाषा सीखने की जरूरत है। परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने बताया कि सरकार राज्य में ऑटो और टैक्सी चालकों को मराठी सिखाने के लिए एक प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तैयार करेगी। वहीं, मनसे कार्यकर्ताओं ने पहले ही उन ऑटो-रिक्शा पर स्टीकर लगाने शुरू कर दिए हैं, जिनके चालकों को मराठी आती है। </p>
<p><strong>मुंबई मराठी साहित्य संघ सिखाएगा भाषा</strong><br />महाराष्ट्र के ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर ने कहा, "मुंबई मराठी साहित्य संघ ने राज्य भर में अपनी अलग-अलग ब्रांच में ऑटो रिक्शा ड्राइवरों और टैक्सी ड्राइवरों को मराठी सिखाने की जिम्मेदारी ली है। इससे मराठी को बढ़ावा मिलेगा। कोंकण मराठी साहित्य परिषद भी मिलकर कोंकण इलाके में मराठी सिखाएगी।</p>
<p><strong>एक मई से लागू होने वाला था फैसला</strong><br />परिवहन मंत्री सरनाईक ने कहा था कि सरकार ने महाराष्ट्र दिवस (एक मई) से इस निर्णय को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए ठोस कदम उठाए हैं, जिसके तहत ऑटो, टैक्सी और ओला, उबर तथा ई-बाइक जैसी ऐप आधारित सेवाओं के चालकों के लिए यात्रियों से मराठी में संवाद करना अनिवार्य होगा। उन्होंने कहा था कि इस पहल के तहत गैर-मराठी चालकों को भाषा सिखाने के लिए प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तैयार करने पर विशेष जोर दिया जाएगा।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49525/it-is-not-necessary-for-auto-rickshaw-and-taxi-drivers</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49525/it-is-not-necessary-for-auto-rickshaw-and-taxi-drivers</guid>
                <pubDate>Mon, 27 Apr 2026 17:49:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-27t174737.088.jpg"                         length="13626"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई : 'मराठी की कामचलाऊ जानकारी जरूरी', महाराष्ट्र सरकार के नए प्रस्ताव का विरोध; सड़कों पर आज नहीं दिखेंगे ऑटो ड्राइवर</title>
                                    <description><![CDATA[<p>ऑटोरिक्शा चालक और सरकार के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बन रही है। दरअसल, राज्य सरकार के एक प्रस्ताव के खिलाफ ड्राइवर और यूनियन में काफी गुस्सा है। जिसमें पब्लिक ट्रांसपोर्ट चलाने वाले ड्राइवरों के लिए मराठी भाषा की कामचलाऊ जानकारी अनिवार्य करने की बात कही गई है। <br />वहीं, सोमवार को गोरेगांव पश्चिम में ऑटोरिक्शा यूनियनों की एक बड़ी रणनीति बैठक होने जा रही है। इस बैठक में बड़ी संख्या में ड्राइवरों और मालिकों के शामिल होने की उम्मीद है। </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49516/working-knowledge-of-mumbai-marathi-is-important-auto-drivers-will"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/mumbai-auto-2026-04-de41ab95d923ca287b98fe27f4c6e6c9-1200x900.webp" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>ऑटोरिक्शा चालक और सरकार के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बन रही है। दरअसल, राज्य सरकार के एक प्रस्ताव के खिलाफ ड्राइवर और यूनियन में काफी गुस्सा है। जिसमें पब्लिक ट्रांसपोर्ट चलाने वाले ड्राइवरों के लिए मराठी भाषा की कामचलाऊ जानकारी अनिवार्य करने की बात कही गई है। <br />वहीं, सोमवार को गोरेगांव पश्चिम में ऑटोरिक्शा यूनियनों की एक बड़ी रणनीति बैठक होने जा रही है। इस बैठक में बड़ी संख्या में ड्राइवरों और मालिकों के शामिल होने की उम्मीद है। </p>
<p> </p>
<p>जानकारी के अनुसार, इस वजह से मुंबई के कई उपनगरों में ऑटोरिक्शा की उपलब्धता पर असर पड़ सकता है। यूनियनों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो 4 मई से पूरे मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।</p>
<p><strong>MMR में विरोध प्रदर्शन की तैयारी</strong><br />मुंबई ऑटोरिक्शा यूनियन के नेता शशांक राव ने कहा कि बैठक में यह तय किया जाएगा कि सरकार के उस प्रस्ताव का विरोध कैसे किया जाए, जिसमें मराठी पढ़ने-लिखने में असमर्थ ड्राइवरों के लाइसेंस रद्द करने की बात कही गई है। रविवार को जारी यूनियन नोटिस में ड्राइवरों से बड़ी संख्या में बैठक में शामिल होने की अपील भी की गई है।</p>
<p>यह पूरा मामला ऐसे समय पर गरमाया है, जब यूनियन के प्रतिनिधिमंडल की मंगलवार को राज्य के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक के साथ बैठक प्रस्तावित है। सरनाईक ने साफ कहा है कि, पब्लिक ट्रांसपोर्ट ड्राइवरों को मराठी की बुनियादी जानकारी साबित करनी होगी, वरना उनके लाइसेंस और परमिट पर असर पड़ सकता है। </p>
<p><strong>सरकार ने प्रशिक्षण का दिया भरोसा</strong><br />वहीं, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस मुद्दे पर संतुलित रुख अपनाते हुए कहा है कि, सरकार उन ड्राइवरों को प्रशिक्षण देगी, जो मराठी नहीं जानते। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी भाषा को जबरन थोपना सही नहीं है। गौरतलब है कि परिवहन विभाग ने मोटर वाहन अधिनियम, 1988 के तहत कुछ नियमों में संशोधन का मसौदा जारी किया है। </p>
<p>इसमें नियम 4, 78 और 85 में बदलाव का प्रस्ताव है, जिसके तहत लाइसेंस, परमिट और उनके नवीनीकरण के लिए मराठी की कामचलाऊ जानकारी को अनिवार्य शर्त बनाया जा सकता है। खास तौर पर यह नियम ऑटोरिक्शा और टैक्सी ड्राइवरों पर लागू होगा।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49516/working-knowledge-of-mumbai-marathi-is-important-auto-drivers-will</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49516/working-knowledge-of-mumbai-marathi-is-important-auto-drivers-will</guid>
                <pubDate>Mon, 27 Apr 2026 13:30:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/mumbai-auto-2026-04-de41ab95d923ca287b98fe27f4c6e6c9-1200x900.webp"                         length="74186"                         type="image/webp"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई :‘भारत टैक्सी’ की हुई शुरुआत, कमीशन का खेल खत्म, पीयूष गोयल बोले- ड्राइवर बनेंगे मालिक</title>
                                    <description><![CDATA[<p>‘भारत टैक्सी’ ऑटो और कैब ड्राइवर ऑनबोर्डिंग प्रोग्राम और ऐप की शुरुआत की गई। केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने इसका उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘सहकार से समृद्धि’ विजन पहल को केंद्रीय गृह मंत्री और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने फरवरी में लॉन्च किया था। इस योजना का उद्देश्य ड्राइवरों को सिर्फ कामगार नहीं, बल्कि भागीदार और मालिक बनाना है। भारत टैक्सी के मुख्य परिचालन अधिकारी (COO) विवेक पांडे ने इस कार्यक्रम के महत्व को समझाते हुए कहा, 'मुंबई हमारे लिए एक बड़ा अवसर है। काले और पीले रंग की टैक्सी ड्राइवरों का समर्थन हमारे लिए महत्वपूर्ण है।'</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49435/mumbai-bharat-taxi-started-commission-game-is-over-piyush-goyal"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-24t113746.989.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>‘भारत टैक्सी’ ऑटो और कैब ड्राइवर ऑनबोर्डिंग प्रोग्राम और ऐप की शुरुआत की गई। केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने इसका उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘सहकार से समृद्धि’ विजन पहल को केंद्रीय गृह मंत्री और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने फरवरी में लॉन्च किया था। इस योजना का उद्देश्य ड्राइवरों को सिर्फ कामगार नहीं, बल्कि भागीदार और मालिक बनाना है। भारत टैक्सी के मुख्य परिचालन अधिकारी (COO) विवेक पांडे ने इस कार्यक्रम के महत्व को समझाते हुए कहा, 'मुंबई हमारे लिए एक बड़ा अवसर है। काले और पीले रंग की टैक्सी ड्राइवरों का समर्थन हमारे लिए महत्वपूर्ण है।'</p>
<p> </p>
<p><strong>ड्राइवरों के लिए बड़ा मौका</strong><br />कांदिवली वेस्ट में आयोजित इस कार्यक्रम में 200 से 300 ऑटो और कैब ड्राइवरों ने हिस्सा लिया। इसके साथ ही ट्रांसपोर्ट और सहकारी संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और यूनियन नेताओं की भी भागीदारी रही। इस अवसर पर म्युनिसिपल मजदूर यूनियन के अध्यक्ष शशांक राव के साथ विधायक योगेश सागर और संजय उपाध्याय भी उपस्थित थे। <br />100% कमाई ड्राइवर के खाते में<br />‘भारत टैक्सी’ का सबसे बड़ा आकर्षण इसका जीरो कमीशन मॉडल है। कंपनी का दावा है कि ड्राइवरों की 100% कमाई सीधे उनके बैंक खाते में UPI के जरिए जाएगी। इसके साथ ही लाभ में पूरी हिस्सेदारी, पारदर्शिता और कोई छुपा चार्ज नहीं होगा।<br />इंश्योरेंस से लेकर 24/7 सपोर्ट तक की सुविधा<br />प्लेटफॉर्म ड्राइवरों को बीमा, मेडिकल सहायता और सरकारी योजनाओं से जोड़ने का भी वादा करता है। साथ ही 24/7 ड्राइवर सपोर्ट की सुविधा दी जाएगी, जिससे ड्राइवरों को सुरक्षा और भरोसा दोनों मिल सके। <br />देशभर में तेजी से बढ़ता नेटवर्क<br />‘भारत टैक्सी’ के मुताबिक अब तक 5.17 लाख से ज्यादा ड्राइवर प्लेटफॉर्म से जुड़ चुके हैं, जबकि 50 लाख से अधिक ग्राहक इस सेवा का उपयोग कर रहे हैं। दिल्ली-NCR, गुजरात, चंडीगढ़, लखनऊ और मुंबई जैसे बड़े शहरों में इसका विस्तार हो चुका है।<br />उबर-रैपिडो को टक्कर देने की तैयारी<br />पीयूष गोयल ने भरोसा जताया कि ‘भारत टैक्सी’ भविष्य में Uber और Rapido जैसे प्लेटफॉर्म्स को कड़ी टक्कर दे सकती है। उनका कहना है कि यह मॉडल ड्राइवरों की कमाई बढ़ाने और अनावश्यक खर्चों को कम करने पर केंद्रित है, जिससे यह प्लेटफॉर्म ड्राइवरों के लिए ज्यादा फायदेमंद साबित होगा।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49435/mumbai-bharat-taxi-started-commission-game-is-over-piyush-goyal</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49435/mumbai-bharat-taxi-started-commission-game-is-over-piyush-goyal</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Apr 2026 11:55:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-24t113746.989.jpg"                         length="10073"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई पहुंचे पुणे के ड्राइवर, बाइक टैक्सी पर पूर्ण प्रतिबंध की मांग</title>
                                    <description><![CDATA[<p>पुणे के ड्राइवरों ने अवैध बाइक टैक्सियों के बढ़ते चलन के खिलाफ पुणे से मुंबई तक पैदल मार्च किया और अब राज्य की राजधानी में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है. आंदोलनकारियों की मुख्य मांग है कि ओला, उबर और रैपिडो जैसे एग्रीगेटर्स के किराये के ढांचे में पूरी पारदर्शिता लाई जाए और पारंपरिक ड्राइवरों के लिए उचित किराया सुनिश्चित किया जाए. </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49357/pune-drivers-reach-mumbai-demanding-complete-ban-on-bike-taxis"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-21t122847.888.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>पुणे के ड्राइवरों ने अवैध बाइक टैक्सियों के बढ़ते चलन के खिलाफ पुणे से मुंबई तक पैदल मार्च किया और अब राज्य की राजधानी में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है. आंदोलनकारियों की मुख्य मांग है कि ओला, उबर और रैपिडो जैसे एग्रीगेटर्स के किराये के ढांचे में पूरी पारदर्शिता लाई जाए और पारंपरिक ड्राइवरों के लिए उचित किराया सुनिश्चित किया जाए. </p>
<p> </p>
<p>ड्राइवरों का कहना है कि एग्रीगेटर कंपनियां किस आधार पर किराया वसूल रही हैं और ड्राइवरों को क्या हिस्सा मिल रहा है, इसकी स्पष्ट जानकारी और सरकारी निगरानी होनी चाहिए. जब तक सरकार बाइक टैक्सियों पर प्रतिबंध को लागू नहीं करती और समान मूल्य निर्धारण सुनिश्चित नहीं करती, तब तक मुंबई में ड्राइवरों ही हड़ताल जारी रहेगी. </p>
<p><strong>बाइक टैक्सी का विरोध </strong><br />ड्राइवरों का तर्क है कि अवैध बाइक टैक्सियों के कारण उनके व्यवसाय को भारी नुकसान हो रहा है, क्योंकि एग्रीगेटर कंपनियां नियमों का उल्लंघन कर कम दरों पर सेवाएं दे रही हैं. वर्तमान में ओला और उबर जैसी कंपनियां कितना कमीशन काट रही हैं, इसमें ड्राइवरों को स्पष्टता नहीं मिलती. वे मांग कर रहे हैं कि सरकार इन एग्रीगेटर्स के एल्गोरिदम और मूल्य निर्धारण पर कड़ी निगरानी रखे. </p>
<p><strong>महाराष्ट्र में बड़े पैमाने पर आईपीएस अधिकारियों के तबादले </strong><br />महाराष्ट्र सरकार ने आईपीएस अधिकारियों के बड़े पैमाने पर तबादले और नई नियुक्तियों के आदेश जारी किए हैं. इस प्रशासनिक फेरबदल में कई जिलों के एसपी और डीसीपी की जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है. सरकार द्वारा जारी सूची के अनुसार कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जगहों पर तैनात किया गया है. जारी आदेश के अनुसार तुषार दोशी, जो अब तक सातारा के एसपी थे, उन्हें स्थानांतरित कर सांगली का एसपी नियुक्त किया गया है. वहीं निखिल पिंगळे, जो पुणे में पुलिस उप आयुक्त के पद पर कार्यरत थे, उन्हें सातारा जिले का एसपी बनाया गया है. महेश्वर रेड्डी को जळगांव के एसपी द से हटाकर सीआईडी, पुणे में स्थानांतरित किया गया है. वहीं श्रीकांत दिवरे को धुले से जळगांव का एसपी बनाया गया है.</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49357/pune-drivers-reach-mumbai-demanding-complete-ban-on-bike-taxis</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49357/pune-drivers-reach-mumbai-demanding-complete-ban-on-bike-taxis</guid>
                <pubDate>Tue, 21 Apr 2026 14:03:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-21t122847.888.jpg"                         length="10380"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        