<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/7141/understand" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>understand - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/7141/rss</link>
                <description>understand RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>नई दिल्ली: आबकारी नीति केस: अरविंद केजरीवाल की दलील पर जज ने कहा, 'आप कोर्ट की प्रक्रिया नहीं समझ पा रहे'</title>
                                    <description><![CDATA[<p>आबकारी नीति मामले में सोमवार को आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट में सुनवाई शुरू हुई। केजरीवाल ने मांग की है कि जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा को इस केस से हटाया जाए। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की बेंच ही निचली अदालत से आरोप मुक्त किए जाने के खिलाफ सीबीआई की अपील पर सुनवाई कर रही है। हाई कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल को बहस करने की इजाजत दी है।</p>
<p> </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49184/on-the-argument-of-arvind-kejriwal-in-the-new-delhi"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-13t185545.728.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>नई दिल्ली :</strong> आबकारी नीति मामले में सोमवार को आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट में सुनवाई शुरू हुई। केजरीवाल ने मांग की है कि जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा को इस केस से हटाया जाए। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की बेंच ही निचली अदालत से आरोप मुक्त किए जाने के खिलाफ सीबीआई की अपील पर सुनवाई कर रही है। हाई कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल को बहस करने की इजाजत दी है।</p>
<p> </p>
<p>अरविंद केजरीवाल ने जज से कहा कि मैं आपकी और ज्यूडिशियरी की बहुत इज्जत करता हूं। मैं सॉलिसिटर जनरल से सहयोग की उम्मीद करता हूं। मैं आज आपके सामने एक आरोपी के तौर पर नहीं खड़ा हूं, क्योंकि मुझे बरी कर दिया गया है। कोर्ट ने कहा कि आप रिक्यूजल आवेदन को पढ़ें। केजरीवाल ने कहा कि मुझे थोड़ा बैकग्राउंड बताना पड़ेगा। ट्रायल कोर्ट ने तीन महीने तक प्रतिदिन सुनवाई की, 40 हजार पन्ने पढ़े और फिर डिस्चार्ज किया। केजरीवाल ने कहा कि उस वक्त मैंने 11 मार्च को दिल्ली हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस को बेंच बदलने के लिए पत्र लिखा, जिसे नकार दिया गया। सुप्रीम कोर्ट के जजमेंट रणजीत ठाकुर में लिखा हुआ है कि जज को ये नहीं देखना है कि वो बायस्ड है कि नहीं, लेकिन किसी पार्टी के मन में इस बात की शंका है तो बेंच चेंज करा सकता है तो वो ये फाइल कर सकता है। सीबीआई को इस मामले में पार्टी नहीं बनाना चाहिए।</p>
<p>उन्होंने कहा कि सत्येंद्र जैन के फैसले में 18 घंटे और 6 दिन की सुनवाई के दौरान आखिरी समय में ईडी को शंका हुई तो वह जिला जज के पास पहुंच गए। यहां जज की इंटीग्रिटी पर सवाल नहीं है, बल्कि पार्टी के मन में आने वाली शंका या सवाल है। मेरे मामले में भी ऐसा ही है। मेरे पास भी इसी बात के आधार हैं और ऐसे में सीबीआई को पार्टी नहीं बनाना चाहिए। केजरीवाल ने कहा कि सवाल जज की ईमानदारी पर नहीं, बल्कि पार्टी की खुद की आशंका पर है। मैं बस वही राहत मांग रहा हूं, जो ईडी को दी गई थी, और मेरा केस अब और मजबूत है। निचली अदालत ने फैसले में बताया कि कोई प्रोसीड ऑफ क्राइम नहीं था। कोई गोवा में पैसा नहीं ले जाया गया। कोई भ्रष्टाचार नहीं था। गोवा चुनाव में पैसों के इस्तेमाल पर कोर्ट अपनी फाइंडिंग दे चुका है, एक मुद्दा उठा था अप्रूवर का। इसके ऊपर आपकी फाइंडिंग है। मुझे लगभग भ्रष्ट घोषित कर दिया गया। मुझे लगभग दोषी घोषित कर दिया गया, बस सजा सुनानी रह गई थी।</p>
<p>कोर्ट ने कहा कि इस पर वह कोई टिप्पणी नहीं करेंगे, यह बस आपकी सोच है। केजरीवाल ने कहा कि यह सामान्य है कि जज पक्षपाती है या नहीं। सवाल ये है कि क्या मेरे मामले में निष्पक्ष रूप से फैसला हो पाएगा। रीजनेबल अप्रिहेंशन (कनकलता जजमेंट) में अदालती जिद का जिक्र है, जहां जज को खुद से ये केस छोड़ देना चाहिए। यहां शराब नीति से जुड़े 5 मामले आए। मेरा मामला गैरकानूनी गिरफ्तारी तरीके का था। दो ही सुनवाई में ये तय कर दिया गया कि मेरी गिरफ्तारी सही थी। मुझे भ्रष्टाचारी घोषित कर दिया गया था। मुझे दोषी ही बना दिया गया था।<br /> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>National</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49184/on-the-argument-of-arvind-kejriwal-in-the-new-delhi</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49184/on-the-argument-of-arvind-kejriwal-in-the-new-delhi</guid>
                <pubDate>Mon, 13 Apr 2026 18:56:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-13t185545.728.jpg"                         length="6567"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई में एक वोट तो बाकी 28 निगमों में 4 क्यों डाल रहे वोटर, समझें क्या है मल्टी-मेंबर वार्ड सिस्टम</title>
                                    <description><![CDATA[<p>बीएमसी सहित 29 नगर महापालिका के लिए वोटिंग शुरू हो गई है. बीएमसी के 227 वार्ड हैं जबकि सभी नगर महापालिका क्षेत्र में 893 वार्ड हैं. इनमें कुल 2,869 सीटें शामिल हैं. महानगर पालिका के चुनाव में 15,908 उम्मीदवार की किस्मत का फैसला 3 करोड़ 48 लाख 79 हजार 337 मतदाता तय करेंगे. एशिया की सबसे अमीर नगर पालिका बीएमसी मुंबई पर सबकी निगाहें हैं.</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/46989/why-are-voters-casting-one-vote-in-mumbai-and-4"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-01/images---2026-01-15t120600.420.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>बीएमसी सहित 29 नगर महापालिका के लिए वोटिंग शुरू हो गई है. बीएमसी के 227 वार्ड हैं जबकि सभी नगर महापालिका क्षेत्र में 893 वार्ड हैं. इनमें कुल 2,869 सीटें शामिल हैं. महानगर पालिका के चुनाव में 15,908 उम्मीदवार की किस्मत का फैसला 3 करोड़ 48 लाख 79 हजार 337 मतदाता तय करेंगे. एशिया की सबसे अमीर नगर पालिका बीएमसी मुंबई पर सबकी निगाहें हैं.</p>
<p> </p>
<p>इसके अलावा पुणे, ठाणे, नागपुर और संभाजीनगर जैसे बड़े शहरों का सियासी भविष्य भी तय होगा. राज्य इन प्रमुख महानगरपालिकाओं में आखिरी चुनाव फरवरी 2017 में हुए थे. इनका 5 साल का कार्यकाल 2022 में खत्म हो गया था, लेकिन ओबीसी आरक्षण विवाद, वार्डों के परिसीमन के चलते चुनाव नहीं सके थे, लेकिन अदालत के आदेश के बाद निर्वाचन आयोग ने 29 महानगरपालिकाओं के चुनावों का कार्यक्रम 15 दिसंबर 2025 को घोषित किया था.</p>
<p>महाराष्ट्र के नगर महापालिका के चुनाव की वोटिंग प्रक्रिया में इस बार एक बड़ा बदलाव किया गया है. मुंबई के बीएमसी में एक वोटर एक ही वोट करेगा जबकि बाकी के 28 महानगर पालिका क्षेत्र में एक वोटर चार वोट देने का काम करेगा इसकी वजह यह है कि मुंबई को छोड़कर बाकी के नगर निगम क्षेत्रों में बहु-सदस्यीय वोटिंग पद्धति अपनाई जाएगी. निर्वाचन आयोग ने इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं. </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/46989/why-are-voters-casting-one-vote-in-mumbai-and-4</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/46989/why-are-voters-casting-one-vote-in-mumbai-and-4</guid>
                <pubDate>Thu, 15 Jan 2026 12:05:09 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-01/images---2026-01-15t120600.420.jpg"                         length="6793"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस को समझना चाहिए कि लोकसभा चुनाव में उसकी संख्या में कितना इजाफा हुआ है - संजय राउत</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">संजय राउत ने कहा कि कांग्रेस को उसकी सीटों में इजाफे के लिए शिवसेना (यूबीटी) के योगदान पर नजर डालनी चाहिए. 2019 में अविभाजित शिवसेना ने कोल्हापुर, रामटेक और अमरावती लोकसभा सीट जीती थी, जो कि उसने कांग्रेस को दी. हमारी वजह से उनकी तीन सीट बढ़ी हैं. तीन सीट बढ़ने वाली टिप्पणी पर थोराट ने भी रिएक्शन दिया है. </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/34310/congress-should-understand-how-much-its-numbers-have-increased-in-the-lok-sabha-elections---sanjay-raut"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2024-09/fdd.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>मुंबई: </strong>महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर राज्य का सियासी पारा हाई है. बेशक अभी चुनाव की तारीखों का ऐलान नहीं हुआ है लेकिन राजनीतिक दलों ने तैयारियां तेज कर दी हैं. इस बीच विपक्षी गठबंधन महाराष्ट्र विकास अघाड़ी (एमवीए) में सीएम फेस को लेकर खींचतान भी सामने आ रही है. ऐसे में शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने शुक्रवार को बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को समझना चाहिए कि लोकसभा चुनाव में उसकी संख्या में कितना इजाफा हुआ है. हमारे योगदान पर नजर डालनी चाहिए.  </p>
<p style="text-align:justify;">संजय राउत ने कहा कि महाराष्ट्र कांग्रेस के नेता अगर मानते हैं कि वो गठबंधन में बड़े भाई की भूमिका में हैं तो हमारी पार्टी की भूमिका भी मत भूलें. संजय की ये टिप्पणी कांग्रेस नेता बालासाहेब थोराट के उस बयान के बाद आई है, जिसमें थोराट ने कहा था कि उन्हें विश्वास है कि राज्य का अगला सीएम कांग्रेस का होगा. <br /><br />संजय राउत ने कहा कि कांग्रेस को उसकी सीटों में इजाफे के लिए शिवसेना (यूबीटी) के योगदान पर नजर डालनी चाहिए. 2019 में अविभाजित शिवसेना ने कोल्हापुर, रामटेक और अमरावती लोकसभा सीट जीती थी, जो कि उसने कांग्रेस को दी. हमारी वजह से उनकी तीन सीट बढ़ी हैं. तीन सीट बढ़ने वाली टिप्पणी पर थोराट ने भी रिएक्शन दिया है. <br /><br />उन्होंने कहा है कि इस पर हम एमवीए के मंच पर चर्चा कर सकते हैं. उधर, महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पाटोले ने संजय राउत के दावे को खारिज किया. उन्होंने कहा कि शिवसेना (यूबीटी) नेता पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है. सीएम फेस पर फैसला चुनाव के बाद वरिष्ठ नेता करेंगे. <br /><br />उन्होंने कहा कि हमारा गठबंधन आगामी विधानसभा चुनाव एकजुट होकर लड़ेगा. सीट बंटवारे को लेकर कोई असहमति नहीं है. इस बीच एनसीपी (एसपी) नेता जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि एमवीए के दलों को चुनाव से पहले सीएम फेस के बारे में बात करने से बचना चाहिए. महाराष्ट्र की 288 सदस्यीय विधानसभा का चुनाव नवंबर में होने की संभावना है.</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/34310/congress-should-understand-how-much-its-numbers-have-increased-in-the-lok-sabha-elections---sanjay-raut</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/34310/congress-should-understand-how-much-its-numbers-have-increased-in-the-lok-sabha-elections---sanjay-raut</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Sep 2024 11:17:14 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2024-09/fdd.jpg"                         length="28739"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पवार ने बिना नाम लिए किया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टार्गेट... केंद्र सरकार की कई नीतियां लोगों की समझ में नहीं आ रही हैं</title>
                                    <description><![CDATA[<p>एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने एक बार फिर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बिना उनका नाम लिए निशाना साधा है। दिवाली पड़वा के अवसर पर मर्चेंट एसोसिएशन की ओर से एक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में शरद पवार ने व्यापारियों का मार्गदर्शन किया।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/26013/pawar-targeted-prime-minister-narendra-modi-without-taking-his-name---people-are-not-able-to-understand-many-policies-of-the-central-government"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2023-11/download-(2)15.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>मुंबई :</strong> दिवाली पाड़वा के मौके पर मर्चेंट एसोसिएशन की ओर से एक बैठक का आयोजन किया गया। इस आयोजन में लोगों को संबोधित करते हुए शरद पवार ने एक बार फिर से  केंद्र सरकार को निशाना बनाया है। पवार ने कहा कि केंद्र सरकार का दृष्टिकोण उचित है, केंद्र सरकार को देश की व्यापार नीतियां तय करने का अधिकार है।</p>
<p style="text-align:justify;">लेकिन निर्णय लेते समय उत्पादकों और व्यापार का समन्वय महत्वपूर्ण है। एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने एक बार फिर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बिना उनका नाम लिए निशाना साधा है। दिवाली पड़वा के अवसर पर मर्चेंट एसोसिएशन की ओर से एक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में शरद पवार ने व्यापारियों का मार्गदर्शन किया।</p>
<p style="text-align:justify;">शरद पवार ने कहा की 'मैंने अपने समय में कई प्रधानमंत्रियों को देखा है। हालाँकि, मैंने किसी भी पूर्व प्रधान मंत्री को किसी राज्य में जाने के बाद उस राज्य के मुख्यमंत्री के बारे में व्यक्तिगत बयान देते नहीं सुना है"  इस बैठक में उपस्थित लोगों से बातचीत करते हुए शरद पवार ने कहा, 'व्यापार और सहकारी क्षेत्र में कई लोक कल्याणकारी कानून पारित किए गए हैं, किसानों और व्यापारियों के सोच-विचार के फार्मूले के साथ काम करने से बाजार में अलग स्थिति बनेगी, व्यापार आसान तरीके से हो और किसान-व्यापारी के खाते में चार पैसे आने चाहिए, मुझे नहीं लगता कि इस इकाई के प्रति केंद्र सरकार का दृष्टिकोण उचित है, केंद्र सरकार को देश की व्यापार नीतियां तय करने का अधिकार है।</p>
<p style="text-align:justify;">लेकिन निर्णय लेते समय उत्पादकों और व्यापार का समन्वय महत्वपूर्ण है, केंद्र सरकार की कई नीतियां लोगों की समझ में नहीं आ रही हैं" उन्होंने कहा, ''प्रधानमंत्री द्वारा ध्यान न देने के कारण कई समस्याएं पैदा होती हैं, प्रधानमंत्री संसद भवन में एक घंटे के लिए भी नहीं आये, जिससे कई मुद्दे सुलझ गये, इस समय पांच राज्यों में चुनाव चल रहे हैं, हमने उन जगहों पर जाकर देखा है कि प्रधानमंत्री क्या बात कर रहे हैं"</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/26013/pawar-targeted-prime-minister-narendra-modi-without-taking-his-name---people-are-not-able-to-understand-many-policies-of-the-central-government</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/26013/pawar-targeted-prime-minister-narendra-modi-without-taking-his-name---people-are-not-able-to-understand-many-policies-of-the-central-government</guid>
                <pubDate>Thu, 16 Nov 2023 22:08:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2023-11/download-%282%2915.jpg"                         length="7344"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        