<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/5239/illegal" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>illegal - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/5239/rss</link>
                <description>illegal RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title> ठाणे स्टेशन एरिया ट्रैफिक इम्प्रूवमेंट स्कीम ब्रिज के टॉयलेट में वेंडरों का अवैध स्टोरेज, 2 लाख का सामान जब्त</title>
                                    <description><![CDATA[<p>ठाणे रेलवे स्टेशन के बाहर बने स्टेशन एरिया ट्रैफिक इम्प्रूवमेंट स्कीम ब्रिज पर नगर निगम की व्यवस्था में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां अनधिकृत स्ट्रीट वेंडरों द्वारा नगर निगम के सार्वजनिक टॉयलेट का कथित तौर पर अवैध इस्तेमाल सामान रखने के लिए किया जा रहा था। हैरानी की बात यह है कि वेंडरों ने महिलाओं और ठाणे नगर निगम कर्मचारियों के लिए आरक्षित टॉयलेट की डुप्लीकेट चाबियां तक बनवा ली थीं। रात के समय इन टॉयलेट का इस्तेमाल कथित तौर पर सामान रखने और अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई से बचने के लिए किया जाता था। </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/51488/illegal-storage-of-goods-worth-rs-2-lakh-by-vendors"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-08/images---2026-08-22t124825.388.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>ठाणे: </strong>ठाणे रेलवे स्टेशन के बाहर बने स्टेशन एरिया ट्रैफिक इम्प्रूवमेंट स्कीम ब्रिज पर नगर निगम की व्यवस्था में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां अनधिकृत स्ट्रीट वेंडरों द्वारा नगर निगम के सार्वजनिक टॉयलेट का कथित तौर पर अवैध इस्तेमाल सामान रखने के लिए किया जा रहा था। हैरानी की बात यह है कि वेंडरों ने महिलाओं और ठाणे नगर निगम कर्मचारियों के लिए आरक्षित टॉयलेट की डुप्लीकेट चाबियां तक बनवा ली थीं। रात के समय इन टॉयलेट का इस्तेमाल कथित तौर पर सामान रखने और अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई से बचने के लिए किया जाता था। </p>
<p> </p>
<p>मामला सामने आने के बाद ठाणे नगर निगम ने कार्रवाई करते हुए करीब 2 लाख रुपये कीमत का सामान जब्त किया है। कार्रवाई के बाद निगम प्रशासन ने सार्वजनिक सुविधाओं के दुरुपयोग और अवैध कब्जे को लेकर सख्ती बरतने के संकेत दिए हैं। बीजेपी नेता की शिकायत के बाद खुला मामला इस पूरे मामले का खुलासा बीजेपी नेता और पूर्व पार्षद संजय वाघुले की शिकायत के बाद हुआ। उन्होंने ठाणे नगर निगम के असिस्टेंट कमिश्नर महेश जामदार के सामने इस संबंध में आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि SATIS ब्रिज पर बने नगर निगम के टॉयलेट का इस्तेमाल उन लोगों द्वारा किया जा रहा है, जिन्हें सार्वजनिक सुविधा के रूप में इस्तेमाल के लिए दी गई जगह में सामान रखने की अनुमति नहीं है।<br />शिकायत मिलने के बाद नगर निगम के अधिकारियों ने मामले की जांच की और कार्रवाई के लिए टीम भेजी। जांच के दौरान सामने आया कि कुछ स्ट्रीट वेंडरों ने टॉयलेट की डुप्लीकेट चाबियां बनवा रखी थीं। इन चाबियों की मदद से वे रात के समय टॉयलेट के अंदर सामान रख रहे थे। महिलाओं और ठाणे नगर निगम कर्मचारियों के लिए आरक्षित था टॉयलेट जिस टॉयलेट का इस्तेमाल सामान रखने के लिए किया जा रहा था, वह सामान्य स्टोरेज की जगह नहीं था। यह सुविधा महिलाओं और ठाणे म्युनिसिपल ट्रांसपोर्ट कर्मचारियों के लिए आरक्षित बताई गई है। ऐसे में सार्वजनिक सुविधा के लिए निर्धारित स्थान का व्यावसायिक सामान रखने के लिए इस्तेमाल किए जाने से नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल उठे हैं।<br />स्थानीय स्तर पर यह भी सवाल उठाया जा रहा है कि आखिर लंबे समय तक डुप्लीकेट चाबियों के जरिए टॉयलेट का इस्तेमाल कैसे होता रहा और इसकी जानकारी संबंधित विभाग के अधिकारियों को क्यों नहीं हुई। शिकायत सामने आने के बाद निगम ने तत्काल कार्रवाई कर यह स्पष्ट किया कि सार्वजनिक संपत्ति का इस तरह इस्तेमाल स्वीकार नहीं किया जाएगा। रात में सामान रखने का आरोप शिकायत के मुताबिक, वेंडर दिन के समय सड़क और ब्रिज के आसपास अपना कारोबार करते थे, जबकि रात में उनका सामान टॉयलेट के अंदर रख दिया जाता था। इस तरह टॉयलेट उनके लिए एक तरह के अवैध स्टोरेज स्पेस में बदल गया था।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/51488/illegal-storage-of-goods-worth-rs-2-lakh-by-vendors</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/51488/illegal-storage-of-goods-worth-rs-2-lakh-by-vendors</guid>
                <pubDate>Sat, 22 Aug 2026 12:50:01 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-08/images---2026-08-22t124825.388.jpg"                         length="41581"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई: ट्रेनों में अवैध खाद्य सामग्री पर आईआरसीटीसी की सख्ती </title>
                                    <description><![CDATA[<p>ट्रेनों में यात्रियों को गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम ने देशभर में जांच अभियान तेज कर दिया है। इसी अभियान के तहत आईआरसीटीसी के क्षेत्रीय कार्यालय चंडीगढ़ की टीम ने जम्मू रेलवे डिवीजन से संचालित होने वाली ट्रेनों में पिछले एक सप्ताह के दौरान औचक निरीक्षण किया। अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्रियों को ट्रेनों में केवल रेलवे द्वारा स्वीकृत पैकेज्ड पेयजल और अधिकृत खाद्य पदार्थ ही उपलब्ध कराए जाएं। रेलवे की ओर से यात्रियों की सुविधा और स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई की जा रही है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/51360/irctc-strict-on-illegal-food-items-in-mumbai-trains"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-08/images---2026-08-14t134652.062.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई: </strong>ट्रेनों में यात्रियों को गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम ने देशभर में जांच अभियान तेज कर दिया है। इसी अभियान के तहत आईआरसीटीसी के क्षेत्रीय कार्यालय चंडीगढ़ की टीम ने जम्मू रेलवे डिवीजन से संचालित होने वाली ट्रेनों में पिछले एक सप्ताह के दौरान औचक निरीक्षण किया। अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्रियों को ट्रेनों में केवल रेलवे द्वारा स्वीकृत पैकेज्ड पेयजल और अधिकृत खाद्य पदार्थ ही उपलब्ध कराए जाएं। रेलवे की ओर से यात्रियों की सुविधा और स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई की जा रही है।</p>
<p> </p>
<p>आईआरसीटीसी अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान केवल एक दिन या एक सप्ताह तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि नियमित रूप से जारी रहेगा। यात्रियों को बेहतर खानपान सुविधा उपलब्ध कराने के लिए समय-समय पर ट्रेनों और स्टेशनों पर जांच की जाएगी। रेलवे का कहना है कि यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। खानपान सेवाओं में किसी भी तरह की लापरवाही या नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।<br />आईआरसीटीसी देशभर में रेलवे खानपान सेवाओं का संचालन और निगरानी करता है। ट्रेनों में मिलने वाले भोजन और पेयजल की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए निगम लगातार कदम उठा रहा है।</p>
<p>अधिकारियों के अनुसार, यात्रियों की शिकायतों के आधार पर भी जांच की जाती है। यदि किसी यात्री को खराब गुणवत्ता वाला भोजन या अनधिकृत सामग्री बेचने की शिकायत होती है तो संबंधित विभाग कार्रवाई करता है। जम्मू रेलवे डिवीजन की ट्रेनों में की गई इस जांच को भी इसी व्यवस्था का हिस्सा माना जा रहा है।</p>
<p>अधिकारियों का कहना है कि औचक निरीक्षण से खानपान सेवाओं में सुधार आता है और नियमों का पालन सुनिश्चित होता है। रेलवे यात्रियों से भी अपील कर रहा है कि वे किसी भी तरह की अनियमितता नजर आने पर इसकी शिकायत संबंधित अधिकारियों या रेलवे हेल्पलाइन के माध्यम से करें। इस अभियान के जरिए आईआरसीटीसी का उद्देश्य यात्रियों को स्वच्छ, सुरक्षित और मानक के अनुरूप भोजन एवं पेयजल उपलब्ध कराना है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुविधा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। फिलहाल आईआरसीटीसी की टीम द्वारा जम्मू डिवीजन की ट्रेनों में जांच अभियान जारी है। आने वाले दिनों में अन्य ट्रेनों और स्टेशनों पर भी इसी तरह की कार्रवाई की जा सकती है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/51360/irctc-strict-on-illegal-food-items-in-mumbai-trains</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/51360/irctc-strict-on-illegal-food-items-in-mumbai-trains</guid>
                <pubDate>Fri, 14 Aug 2026 13:52:16 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-08/images---2026-08-14t134652.062.jpg"                         length="11738"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई: अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और गैर-कानूनी ऑनलाइन गेमिंग सिंडिकेट का पर्दाफाश</title>
                                    <description><![CDATA[<p>मुंबई क्राइम ब्रांच की यूनिट-2 ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और गैर-कानूनी ऑनलाइन गेमिंग सिंडिकेट का पर्दाफाश किया है। क्राइम ब्रांच की टीम ने गोवा के कैंडोलिम स्थित एक आलीशान विला में छापेमारी कर 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी को आशंका है कि यह गिरोह पिछले छह महीनों से साइबर अपराध के जरिए हासिल की गई 500 करोड़ रुपये से अधिक की रकम को अलग-अलग बैंक खातों के माध्यम से इधर-उधर कर मनी लॉन्ड्रिंग कर रहा था। </p>
<p> </p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/51190/mumbai-international-cyber-fraud-and-illegal-online-gaming-syndicate-busted"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-08/images---2026-08-07t123341.061.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई: </strong>मुंबई क्राइम ब्रांच की यूनिट-2 ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और गैर-कानूनी ऑनलाइन गेमिंग सिंडिकेट का पर्दाफाश किया है। क्राइम ब्रांच की टीम ने गोवा के कैंडोलिम स्थित एक आलीशान विला में छापेमारी कर 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी को आशंका है कि यह गिरोह पिछले छह महीनों से साइबर अपराध के जरिए हासिल की गई 500 करोड़ रुपये से अधिक की रकम को अलग-अलग बैंक खातों के माध्यम से इधर-उधर कर मनी लॉन्ड्रिंग कर रहा था। </p>
<p> </p>
<p>क्राइम ब्रांच की कार्रवाई के दौरान इस रैकेट से जुड़े विभिन्न बैंक खातों में मौजूद करीब 100 करोड़ रुपये की राशि को फ्रीज कर दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई साइबर अपराध से जुड़े वित्तीय नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में एक बड़ी सफलता है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों, इनके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन और पैसों के लेनदेन की पूरी श्रृंखला की जांच कर रही है। जांच में सामने आया है कि आरोपी एक सुनियोजित तरीके से साइबर फ्रॉड और अवैध ऑनलाइन गेमिंग गतिविधियों को संचालित कर रहे थे। आरोपियों ने गोवा के कैंडोलिम में स्थित एक महंगे विला को किराए पर लिया था, जहां से इस पूरे नेटवर्क का संचालन किया जा रहा था। पुलिस के अनुसार, यह विला सामान्य रहने के लिए नहीं बल्कि साइबर अपराध की गतिविधियों को अंजाम देने के उद्देश्य से इस्तेमाल किया जा रहा था।</p>
<p>क्राइम ब्रांच के अधिकारियों ने बताया कि गिरोह में शामिल लोगों को अपराध में शामिल करने से पहले विशेष प्रशिक्षण दिया गया था। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपियों को लगभग 15 दिनों तक ट्रेनिंग दी गई, जिसमें उन्हें कई बैंक खातों के माध्यम से तेजी से पैसे ट्रांसफर करने, लेनदेन छिपाने और साइबर फ्रॉड से प्राप्त रकम को अलग-अलग खातों में भेजने के तरीके सिखाए गए थे। पुलिस के मुताबिक, इस नेटवर्क में शामिल आरोपी कुछ ही मिनटों में बड़ी रकम को कई बैंक खातों में ट्रांसफर करने की क्षमता रखते थे। इसके लिए वे अलग-अलग खातों, डिजिटल माध्यमों और अन्य वित्तीय चैनलों का इस्तेमाल करते थे, ताकि जांच एजेंसियों को लेनदेन की वास्तविक जानकारी आसानी से न मिल सके। </p>
<p>जांच एजेंसियों को संदेह है कि इस सिंडिकेट का नेटवर्क केवल भारत तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि साइबर फ्रॉड से जुटाई गई रकम किन देशों या किन नेटवर्क के माध्यम से संचालित की जा रही थी। इसके अलावा यह भी जांच की जा रही है कि अवैध ऑनलाइन गेमिंग के जरिए कितनी रकम का लेनदेन हुआ। </p>
<p>मुंबई क्राइम ब्रांच की इस कार्रवाई को साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है। हाल के वर्षों में ऑनलाइन ठगी, डिजिटल फ्रॉड और अवैध गेमिंग से जुड़े मामलों में तेजी आई है। अपराधी तकनीक का इस्तेमाल कर लोगों को ठगने और बड़ी रकम को छिपाने के नए तरीके अपना रहे हैं। ऐसे मामलों में वित्तीय लेनदेन की जांच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी होती है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/51190/mumbai-international-cyber-fraud-and-illegal-online-gaming-syndicate-busted</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/51190/mumbai-international-cyber-fraud-and-illegal-online-gaming-syndicate-busted</guid>
                <pubDate>Fri, 07 Aug 2026 12:34:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-08/images---2026-08-07t123341.061.jpg"                         length="10925"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई : 4.12 करोड़ की दवाएं जब्त, एफडीए ने अवैध कारोबार का किया भंडाफोड़</title>
                                    <description><![CDATA[<p>अन्न व औषधि प्रशासन (एफडीए) ने अवैध दवा कारोबारियों पर बड़ी कार्रवाई की है। राज्यभर में 34 ठिकानों पर छापा मार कर 4.12 करोड़ रुपए मूल्य की अवैध दवाएं, सौंदर्य प्रसाधन और चिकित्सा सामग्री जब्त की गई है। जांचे गए 587 नमूनों में 35 दवाएं व उत्पाद अमानक पाए गए, जिन्हें तत्काल बाजार से रिकॉल करने के निर्देश दिए गए हैं। नौ एफआईआर दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/50565/mumbai-medicines-worth-rs-412-crore-seized-fda-busts-illegal"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-07/images---2026-07-06t122505.074.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई: </strong>अन्न व औषधि प्रशासन (एफडीए) ने अवैध दवा कारोबारियों पर बड़ी कार्रवाई की है। राज्यभर में 34 ठिकानों पर छापा मार कर 4.12 करोड़ रुपए मूल्य की अवैध दवाएं, सौंदर्य प्रसाधन और चिकित्सा सामग्री जब्त की गई है। जांचे गए 587 नमूनों में 35 दवाएं व उत्पाद अमानक पाए गए, जिन्हें तत्काल बाजार से रिकॉल करने के निर्देश दिए गए हैं। नौ एफआईआर दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। एफडीए के अनुसार पिछले जून महीने में चलाए गए अभियान के दौरान आपत्तिजनक दवा विज्ञापनों के खिलाफ आठ स्थानों पर कार्रवाई करते हुए 2.27 लाख रुपए मूल्य की दवाएं जब्त की गई हैं।</p>
<p> </p>
<p>बिना लाइसेंस दवाओं और प्रसाधन सामग्री के निर्माण व बिक्री के 15 मामलों में 2.32 करोड़ रुपए का सामान जब्त किया गया है। चिकित्सा उपकरण नियम, 2017 के तहत एक कार्रवाई में 1.26 करोड़ रुपए मूल्य की चिकित्सा सामग्री के भंडार पर प्रतिबंध लगाया गया। वहीं गलत लेबल वाली प्रसाधन सामग्री और दवाओं के तीन मामलों में छापेमारी कर 33.26 लाख रुपए मूल्य का स्टॉक जब्त किया गया है।</p>
<p>दवाओं की गुणवत्ता की निगरानी के लिए मुंबई, छत्रपति संभाजीनगर और नागपुर स्थित सरकारी औषधि परीक्षण प्रयोगशालाओं में जून के दौरान 587 नमूनों की जांच की गई। इनमें 552 नमूने मानक गुणवत्ता के पाए गए, जबकि 35 नमूनों को अमानक गुणवत्ता का घोषित किया गया है। इन उत्पादों में एलोपैथिक दवाएं, आयुर्वेदिक औषधियां, प्रसाधन सामग्री और चिकित्सा उपयोग के उत्पाद शामिल हैं।</p>
<p>एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे के अनुसार लोगों के स्वास्थ्य से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। नकली दवाओं, बिना लाइसेंस निर्माण-बिक्री, भ्रामक विज्ञापनों, चिकित्सा उपकरण नियमों के उल्लंघन और मादक दवाओं के दुरुपयोग के खिलाफ पूरे राज्य में अभियान जारी रहेगा। अवैध कारोबार में शामिल लोगों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई होगी। संदिग्ध दवा, चिकित्सा उपकरण या अवैध बिक्री की जानकारी नागरिक टोल-फ्री नंबर 1800-222-365 पर दे सकते हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/50565/mumbai-medicines-worth-rs-412-crore-seized-fda-busts-illegal</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/50565/mumbai-medicines-worth-rs-412-crore-seized-fda-busts-illegal</guid>
                <pubDate>Mon, 06 Jul 2026 12:25:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-07/images---2026-07-06t122505.074.jpg"                         length="14807"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        