<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/26513/mumba" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>Mumba - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/26513/rss</link>
                <description>Mumba RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title> मुंबई: महाराष्ट्र सरकार ने मंत्रियों के लिए ई-पेपर की अनिवार्यता हटाई</title>
                                    <description><![CDATA[<p>महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को अपने उस फैसले में बदलाव कर दिया, जिसमें डिप्टी चीफ मिनिस्टर और मंत्रियों के लिए अखबारों और पत्रिकाओं का केवल ऑनलाइन ई-पेपर सब्सक्रिप्शन अनिवार्य किया गया था। सरकार ने अब यह व्यवस्था कर दी है कि मंत्री अपनी सुविधा के अनुसार ऑनलाइन या फिजिकल यानी प्रिंट सब्सक्रिप्शन में से किसी एक विकल्प का चयन कर सकते हैं।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/51078/mumbai-maharashtra-government-removed-the-requirement-of-e-paper-for-ministers"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-08/istock-1490992198.webp" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई: </strong>महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को अपने उस फैसले में बदलाव कर दिया, जिसमें डिप्टी चीफ मिनिस्टर और मंत्रियों के लिए अखबारों और पत्रिकाओं का केवल ऑनलाइन ई-पेपर सब्सक्रिप्शन अनिवार्य किया गया था। सरकार ने अब यह व्यवस्था कर दी है कि मंत्री अपनी सुविधा के अनुसार ऑनलाइन या फिजिकल यानी प्रिंट सब्सक्रिप्शन में से किसी एक विकल्प का चयन कर सकते हैं। जनरल एडमिनिस्ट्रेशन डिपार्टमेंट ने यह संशोधन उस आदेश के एक दिन बाद जारी किया, जिसमें कहा गया था कि 1 सितंबर से राज्य के मंत्रियों को अखबारों और पत्रिकाओं के लिए केवल डिजिटल माध्यम का उपयोग करना होगा। नए निर्देश के अनुसार, अब डिजिटल के साथ-साथ पारंपरिक प्रिंट संस्करण की सुविधा भी जारी रहेगी।</p>
<p> </p>
<p>एक दिन में बदला फैसला महाराष्ट्र सरकार का पहला आदेश सामने आने के बाद राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इसकी चर्चा शुरू हो गई थी। आदेश में कहा गया था कि मंत्रियों को अखबार और पत्रिकाओं के लिए ऑनलाइन सब्सक्रिप्शन लेना होगा और इसका खर्च उन्हें खुद उठाना होगा। इस फैसले का उद्देश्य सरकारी खर्च को कम करना और डिजिटल माध्यमों को बढ़ावा देना बताया गया था। हालांकि, आदेश जारी होने के अगले ही दिन सरकार ने इसमें बदलाव करते हुए मंत्रियों को विकल्प देने का फैसला किया।</p>
<p>अब मंत्री अपनी जरूरत और सुविधा के अनुसार यह तय कर सकेंगे कि वे अखबारों और पत्रिकाओं को ऑनलाइन पढ़ना चाहते हैं या फिर उनकी भौतिक प्रतियां मंगवाना चाहते हैं। डिजिटल व्यवस्था को बढ़ावा देने की कोशिश सरकार की ओर से पहले जारी किए गए निर्देश को डिजिटल गवर्नेंस और कागज की खपत कम करने की दिशा में एक कदम माना गया था। प्रशासन में डिजिटल सेवाओं के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए केंद्र और राज्य सरकारें लगातार प्रयास कर रही हैं।</p>
<p>ई-पेपर के इस्तेमाल से कागज की बचत, रिकॉर्ड को आसानी से सुरक्षित रखने और कहीं से भी समाचार पढ़ने की सुविधा मिलती है। इसी उद्देश्य से सरकार ने मंत्रियों के लिए ऑनलाइन सब्सक्रिप्शन व्यवस्था लागू करने की योजना बनाई थी। हालांकि, नए संशोधन के बाद डिजिटल विकल्प जारी रहेगा, लेकिन इसे अनिवार्य नहीं रखा गया है। मंत्रियों को खुद उठाना होगा खर्च सरकार के नए निर्देशों के अनुसार, अखबार और पत्रिकाओं के सब्सक्रिप्शन का खर्च मंत्रियों को स्वयं वहन करना होगा। पहले सरकारी स्तर पर मंत्रियों के कार्यालयों में कई अखबार और पत्रिकाएं उपलब्ध कराई जाती थीं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/51078/mumbai-maharashtra-government-removed-the-requirement-of-e-paper-for-ministers</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/51078/mumbai-maharashtra-government-removed-the-requirement-of-e-paper-for-ministers</guid>
                <pubDate>Sat, 01 Aug 2026 11:55:09 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-08/istock-1490992198.webp"                         length="44564"                         type="image/webp"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन का काम तेज, समुद्र के नीचे दूसरी टीबीएम ने भी शुरू की सुरंग की खोदाई</title>
                                    <description><![CDATA[<p><span style="color:rgb(0,0,0);">मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन परियोजना पूरी रफ्तार से आगे बढ़ रही है। इस कड़ी में महाराष्ट्र में ठाणे क्रीक (संकरी समुद्री खाड़ी) के नीचे रेल सुरंग बनाने के लिए दूसरी टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) ने खोदाई का काम शुरू कर दिया। इस काम को अंजाम दे रही नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) ने यह जानकारी दी। इसके मुताबिक, टीबीएम ने सावली (घंसोली) से विक्रोली की ओर खोदाई का काम शुरू किया। यह बुलेट ट्रेन परियोजना के 10 किलोमीटर लंबे भूमिगत हिस्से का भाग है, जिसमें सात किलोमीटर का सबसे अहम हिस्सा ठाणे क्रीक के समुद्र तल के नीचे बनेगा। यह किसी भी रेल गलियारे के लिए देश की पहली समुद्र के नीचे बनी सुरंग होगी।</span></p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/50831/6a5c654ead433"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-07/bullet-train-news-trains-1779016984914_d-1784395996996_d.webp" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन परियोजना पूरी रफ्तार से आगे बढ़ रही है। इस कड़ी में महाराष्ट्र में ठाणे क्रीक (संकरी समुद्री खाड़ी) के नीचे रेल सुरंग बनाने के लिए दूसरी टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) ने खोदाई का काम शुरू कर दिया। इस काम को अंजाम दे रही नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) ने यह जानकारी दी। इसके मुताबिक, टीबीएम ने सावली (घंसोली) से विक्रोली की ओर खोदाई का काम शुरू किया। यह बुलेट ट्रेन परियोजना के 10 किलोमीटर लंबे भूमिगत हिस्से का भाग है, जिसमें सात किलोमीटर का सबसे अहम हिस्सा ठाणे क्रीक के समुद्र तल के नीचे बनेगा। यह किसी भी रेल गलियारे के लिए देश की पहली समुद्र के नीचे बनी सुरंग होगी। समुद्र के नीचे वाला यह हिस्सा हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर के 21 किलोमीटर लंबे भूमिगत नेटवर्क का हिस्सा है। इसमें से सावली और मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) के बीच 16 किलोमीटर का काम टीबीएम का इस्तेमाल करके किया जा रहा है, जबकि बाकी पांच किलोमीटर का हिस्सा न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग मेथड का इस्तेमाल से पहले ही पूरा किया जा चुका है। पहली टीबीएम ने इससे पहले पांच जुलाई को विक्रोली से बीकेसी की तरफ अपनी छह किलोमीटर की खोदाई शुरू की थी। एनएचएसआरसीएल का कहना है कि यह टीबीएम भारत में रेल सुरंग बनाने के लिए इस्तेमाल की गई अब तक की सबसे बड़ी मशीनों में से एक है। इस मशीन में चार मंजिला इमारत की ऊंचाई के बराबर का 13.6 मीटर व्यास वाला कटरहेड है। इसका वजन 500 एशियाई हाथियों के वजन के बराबर 3,200 टन है। पूरी मशीन की लंबाई 96 मीटर है। </p>
<p> </p>
<p><strong>पालघर में पुल गिरा, कटे दो गांव; नागपुर में ट्रेन की टक्कर से छह हिरणों की मौत</strong><br />महाराष्ट्र के पालघर जिले के वसई तालुका में शनिवार शाम एक बड़ा हादसा हुआ। यहां मेढे आंबोडे ग्राम पंचायत इलाके में एक पुल अचानक ढह गया। इस घटना की वजह से वडघर और कलंबोल गांवों का आपस में और बाहरी दुनिया से संपर्क पूरी तरह टूट गया है। गनीमत रही कि हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ। जिला आपदा प्रबंधन विभाग ने बताया कि ग्रामीणों की आवाजाही के लिए फिलहाल निर्माणाधीन मुंबई-वडोदरा एक्सप्रेसवे से एक अस्थायी रास्ता (बायपास) तैयार किया गया है। </p>
<p>दूसरी तरफ, नागपुर जिले में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। मुंबई-हावड़ा मुख्य रेल लाइन पर कन्हान रेलवे स्टेशन के पास एक तेज रफ्तार ट्रेन ने हिरणों के झुंड को कुचल दिया। यह हादसा शनिवार तड़के करीब 4 से 5 बजे के बीच हुआ, जब हिरण पटरी पार कर रहे थे। ट्रेन की टक्कर इतनी भीषण थी कि पांच मादा और एक नर हिरण की मौके पर ही मौत हो गई। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस और वन विभाग की टीम ने शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।</p>
<p><strong>10 साल तक डीसीपी बनकर लाखों ठगे एएसआई गिरफ्तार</strong><br />महाराष्ट्र के मुंबई में पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) का भेष धर कई लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने वाले रेलवे पुलिस के एक सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। अपराध शाखा के एक अधिकारी से शनिवार को मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी एएसआई मोहम्मद गौस इब्राहिम खतीब करीब 10 साल तक डीसीपी डॉ राज खतीबा बनकर ठगी करता रहा। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/50831/6a5c654ead433</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/50831/6a5c654ead433</guid>
                <pubDate>Sun, 19 Jul 2026 11:22:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-07/bullet-train-news-trains-1779016984914_d-1784395996996_d.webp"                         length="35540"                         type="image/webp"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई : पुलिस का सख्त कदम, कस्टडी में सुसाइड रोकने के लिए आरोपी पहनेंगे खास वर्दी, ड्रेस कोड लागू</title>
                                    <description><![CDATA[<p>पुलिस ने पुलिस स्टेशनों के लॉकअप में कैदियों द्वारा आत्महत्या के मामलों को शून्य करने के लिए सख्त कदम उठाया है. पुलिस ने अब आरोपियों के लिए एक नया और अनिवार्य ड्रेस कोड लागू किया है. एंटॉप हिल पुलिस स्टेशन में हाल ही में चोरी के आरोपियों को मैरून रंग की हाफ-स्लीव टी-शर्ट और काले शॉर्ट्स में पेश किया गया, जो इस नई सुरक्षा नीति का हिस्सा है.</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49504/mumbai-police-takes-strict-action-to-prevent-custodial-suicide-accused"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-26t132812.369.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>पुलिस ने पुलिस स्टेशनों के लॉकअप में कैदियों द्वारा आत्महत्या के मामलों को शून्य करने के लिए सख्त कदम उठाया है. पुलिस ने अब आरोपियों के लिए एक नया और अनिवार्य ड्रेस कोड लागू किया है. एंटॉप हिल पुलिस स्टेशन में हाल ही में चोरी के आरोपियों को मैरून रंग की हाफ-स्लीव टी-शर्ट और काले शॉर्ट्स में पेश किया गया, जो इस नई सुरक्षा नीति का हिस्सा है.</p>
<p> </p>
<p>इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आरोपी अपने लंबे कपड़ों, जैसे शर्ट की आस्तीन या पैंट के पैरों का इस्तेमाल फंदा बनाने के लिए न कर सकें. आंकड़ों के अनुसार, 2020 से 2023 के बीच महाराष्ट्र में हिरासत के दौरान हुई 54 से अधिक मौतों में से कई का कारण फांसी लगाकर आत्महत्या करना पाया गया था.</p>
<p><strong>घटनाओं को देखते हैं सुरक्षा उपाय सख्त</strong><br />अभिनेता सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग मामले के आरोपी अनुज थापन द्वारा क्राइम ब्रांच के लॉकअप में चादर के सहारे खुदकुशी करने जैसी घटनाओं के बाद इन सुरक्षा उपायों को और सख्त कर दिया गया है. कपड़ों के अलावा, पुलिस अब लॉकअप के बाथरूम के दरवाजों के ऊपरी और निचले हिस्सों को भी हटा रही है ताकि कैदी खुद को अंदर बंद कर किसी अप्रिय घटना को अंजाम न दे सके. </p>
<p>हिरासत में लिए गए आरोपियों की मानसिक स्थिति को देखते हुए, गिरफ्तारी के तुरंत बाद उन्हें यह 'सुरक्षित कपड़े' उपलब्ध कराए जा रहे हैं ताकि वे खुद को नुकसान न पहुंचा सकें. मुंबई के कई इलाकों में देखने को मिल रही इस तरह की घटनाओं पर कंट्रोल करने के लिए पुलिस द्वारा सख्त कदम उठाया गया है.  <br />पुलिस इस ड्रेस कोड के जरिए काफी हद तक सुसाइड रोकने में कारगर साबित हो सकती है. प्रशासन की इस पहल से कस्टडी में आरोपी द्वारा अपने आप को खत्म करने की कोशिश नाकाम कर दी जाएगी. </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49504/mumbai-police-takes-strict-action-to-prevent-custodial-suicide-accused</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49504/mumbai-police-takes-strict-action-to-prevent-custodial-suicide-accused</guid>
                <pubDate>Sun, 26 Apr 2026 18:26:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-26t132812.369.jpg"                         length="6723"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई-नागपुर एक्सप्रेसवे पर भीषण सड़क हादसा, अशोक खरात के करीबी सहयोगी की पत्नी समेत मौत</title>
                                    <description><![CDATA[<p>जेल में बंद ‘स्वयंभू बाबा’ अशोक खरात के एक करीबी सहयोगी और उसकी पत्नी की कार शुक्रवार को महाराष्ट्र के अहिल्यानगर जिले में समृद्धि एक्सप्रेसवे पर एक खड़े कंटेनर ट्रक से टकरा गई, जिससे उनकी मौत हो गई. पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी. कुछ विपक्षी नेताओं ने इस घटना पर संदेह जताया है. पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मृतकों की पहचान जितेंद्र शेल्के (55) और उसकी पत्नी अनुराधा (50) के रूप में हुई है. उन्होंने बताया कि इस दुर्घटना में उनका 14 वर्षीय बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया. उन्होंने बताया कि शेल्के, खरात का करीबी सहयोगी था. उन्होंने बताया कि शेल्के खरात का व्यापारिक साझेदार होने के साथ-साथ ‘स्वयंभू बाबा’ द्वारा स्थापित शिवानिका ट्रस्ट का उपाध्यक्ष भी था.</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49303/horrific-road-accident-on-mumbai-nagpur-expressway-death-of-ashok-kharats"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-18t182428.440.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>जेल में बंद ‘स्वयंभू बाबा’ अशोक खरात के एक करीबी सहयोगी और उसकी पत्नी की कार शुक्रवार को महाराष्ट्र के अहिल्यानगर जिले में समृद्धि एक्सप्रेसवे पर एक खड़े कंटेनर ट्रक से टकरा गई, जिससे उनकी मौत हो गई. पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी. कुछ विपक्षी नेताओं ने इस घटना पर संदेह जताया है. पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मृतकों की पहचान जितेंद्र शेल्के (55) और उसकी पत्नी अनुराधा (50) के रूप में हुई है. उन्होंने बताया कि इस दुर्घटना में उनका 14 वर्षीय बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया. उन्होंने बताया कि शेल्के, खरात का करीबी सहयोगी था. उन्होंने बताया कि शेल्के खरात का व्यापारिक साझेदार होने के साथ-साथ ‘स्वयंभू बाबा’ द्वारा स्थापित शिवानिका ट्रस्ट का उपाध्यक्ष भी था.</p>
<p> </p>
<p>खरात को बलात्कार और धोखाधड़ी समेत अन्य आरोपों में गिरफ्तार किया गया है. अधिकारी ने बताया कि यह दुर्घटना दोपहर लगभग 12 बजे पश्चिमी महाराष्ट्र के कोपरगांव पुलिस थाने के अधिकार क्षेत्र में आने वाले धोत्रे गांव के निकट हुई, जो मुंबई से लगभग 250 किलोमीटर दूर है.</p>
<p><strong>सड़क किनारे खड़े कंटेनर ट्रक से टकरा गई कार</strong><br />उन्होंने बताया कि शेल्के, उसकी पत्नी और बेटा छत्रपति संभाजीनगर से मुंबई-नागपुर समृद्धि एक्सप्रेसवे होते हुए कार से ठाणे आ रहे थे. उन्होंने बताया कि जैसे ही कार धोत्रे के निकट पहुंची, उसने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया और सड़क किनारे खड़े एक कंटेनर ट्रक से टकरा गई. उन्होंने बताया कि दुर्घटना में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गये और उन्हें तुरंत स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां शेल्के और उनकी पत्नी को मृत घोषित कर दिया गया. उन्होंने बताया कि दंपति के बेटे का अस्पताल में इलाज किया जा रहा है. अधिकारी ने बताया कि कोपरगांव पुलिस थाने में आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज किया गया है.</p>
<p><strong>शेल्के की आकस्मिक मृत्यु की घटना चौंकाने वाली- रोहित पवार</strong><br />अहिल्यानगर के पुलिस अधीक्षक सोमनाथ घरगे ने बताया कि क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) के अधिकारियों और वाहन विशेषज्ञों की मदद से दुर्घटना का विश्लेषण किया जायेगा ताकि इस दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा सके. इस बीच, विपक्षी नेताओं ने इस घटना को लेकर संदेह जताया कि क्या खरात के खिलाफ जांच में तथ्यों को दबाने के लिए यह ‘‘सुनियोजित’’ घटना थी. राकांपा (शरद पवार) के विधायक रोहित पवार ने कहा कि शिवानिका संस्थान के उपाध्यक्ष और खरात के करीबी शेल्के की आकस्मिक मृत्यु की घटना चौंकाने वाली है. उन्होंने कहा, ‘‘यह संदेह होता है कि क्या खरात के बारे में कुछ तथ्यों को उजागर होने से रोकने के लिए यह दुर्घटना हुई थी. एक विस्तृत जांच की जानी चाहिए.’’</p>
<p><strong>'राहुल गांधी ने देश के लोकतंत्र...', महिला आरक्षण बिल गिरने के बाद संजय राउत का बड़ा बयान</strong><br />शिवसेना  नेता सुषमा अंधारे ने इस घटना को लेकर कहा कि कई दिनों से आशंकाएं थीं कि खरात मामले से जुड़े लोगों को धमकियां मिल सकती हैं. उन्होंने कहा, ‘‘आज की घटना से यह संदेह और भी पुख्ता हो गया है. अगर एसआईटी जांच में तेजी नहीं लाती है, तो संदेह और भी गहरा जाएगा. इससे व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठते हैं.’’ सामाजिक कार्यकर्ता अंजली दमानिया ने भी संदेह व्यक्त करते हुए कहा कि शेल्के शिवनिका संस्थान में एक महत्वपूर्ण पद पर थे.</p>
<p><strong>तीन दिन पहले ईडी ने की थी पूछताछ </strong><br />दमानिया ने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उनसे महज तीन दिन पहले पूछताछ की थी और अब एक दुर्घटना में उनकी मौत हो गई. उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘यह महज एक दुर्घटना नहीं हो सकती.’’ प्रवर्तन निदेशालय ने शुक्रवार को खरात और उससे जुड़े संगठनों के खिलाफ धनशोधन की जांच के तहत नासिक जिले के शरणपुर में एक स्थान पर नए सिरे से तलाशी अभियान चलाया.</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49303/horrific-road-accident-on-mumbai-nagpur-expressway-death-of-ashok-kharats</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49303/horrific-road-accident-on-mumbai-nagpur-expressway-death-of-ashok-kharats</guid>
                <pubDate>Sat, 18 Apr 2026 18:25:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-18t182428.440.jpg"                         length="12638"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        