<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/26067/merger" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>merger - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/26067/rss</link>
                <description>merger RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>मुंबई :  सियासत में फिर उठी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी विलय की चर्चा</title>
                                    <description><![CDATA[<p>महाराष्ट्र की राजनीति में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के ऐतिहासिक विभाजन के बाद अब एक बार फिर दोनों गुटों के संभावित विलय को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, इस सवाल का जवाब अभी स्पष्ट नहीं है कि क्या शरद पवार और अजित पवार के नेतृत्व वाले दोनों धड़े दोबारा एक मंच पर आ पाएंगे या नहीं। राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर अलग-अलग राय सामने आ रही है। कुछ नेताओं और विश्लेषकों का मानना है कि सुलह का एक बड़ा मौका पहले ही निकल चुका है, जबकि कुछ लोग अब भी मानते हैं कि पवार परिवार की राजनीतिक विरासत दोनों गुटों को फिर से करीब ला सकती है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/51086/discussion-of-merger-of-nationalist-congress-party-arises-again-in"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-08/deccanherald_2026-05-20_2al4uy99_collage-14-(1).jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>महाराष्ट्र की राजनीति में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के ऐतिहासिक विभाजन के बाद अब एक बार फिर दोनों गुटों के संभावित विलय को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, इस सवाल का जवाब अभी स्पष्ट नहीं है कि क्या शरद पवार और अजित पवार के नेतृत्व वाले दोनों धड़े दोबारा एक मंच पर आ पाएंगे या नहीं। राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर अलग-अलग राय सामने आ रही है। कुछ नेताओं और विश्लेषकों का मानना है कि सुलह का एक बड़ा मौका पहले ही निकल चुका है, जबकि कुछ लोग अब भी मानते हैं कि पवार परिवार की राजनीतिक विरासत दोनों गुटों को फिर से करीब ला सकती है।</p>
<p> </p>
<p>महाराष्ट्र की राजनीति में एनसीपी का विभाजन सबसे बड़े राजनीतिक घटनाक्रमों में से एक रहा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता शरद पवार से अलग होकर उनके भतीजे अजित पवार ने अपने समर्थक विधायकों के साथ अलग रास्ता अपनाया था। इसके बाद राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव आया और एनसीपी दो हिस्सों में बंट गई। दोनों गुटों ने पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह पर अपना दावा किया, जिसके बाद राजनीतिक संघर्ष और तेज हो गया। हालांकि, हाल के घटनाक्रमों ने दोनों गुटों के बीच संभावित समझौते या पुनर्गठन की चर्चाओं को हवा दी है। राजनीतिक पर्यवेक्षक अब एनसीपी और एनसीपी (एसपी) से जुड़े हर छोटे-बड़े कदम को भविष्य की संभावित रणनीति के रूप में देख रहे हैं। नेताओं के बयान, मुलाकातें और राजनीतिक गतिविधियां लगातार चर्चा का विषय बनी हुई हैं।<br />इस पूरे घटनाक्रम में अजित पवार की असामयिक मौत का भी बड़ा प्रभाव माना जा रहा है। पुणे जिले के बारामती में हुए विमान हादसे में अजित पवार की मौत के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में बड़ा शून्य पैदा हुआ। अजित पवार लंबे समय तक राज्य की राजनीति में प्रभावशाली भूमिका निभाते रहे थे और एनसीपी के संगठनात्मक ढांचे में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती थी। कुछ राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अजित पवार के निधन के बाद दोनों गुटों के बीच समीकरण बदल गए हैं। उनका तर्क है कि अजित पवार ही दोनों धड़ों के बीच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी थे और उनके नहीं रहने से किसी भी संभावित समझौते की राह और कठिन हो सकती है। वहीं, कुछ अन्य लोगों का मानना है कि पवार परिवार की राजनीतिक विरासत और वर्षों पुराना संगठनात्मक संबंध अभी भी दोनों पक्षों को करीब ला सकता है।</p>
<p>बारामती की राजनीति भी इस पूरे मामले में बेहद अहम मानी जा रही है। बारामती पवार परिवार का पारंपरिक राजनीतिक गढ़ रहा है और यहां होने वाली गतिविधियों पर पूरे महाराष्ट्र की नजर रहती है। इसलिए इस क्षेत्र से जुड़े किसी भी राजनीतिक संकेत को राज्य की व्यापक राजनीति से जोड़कर देखा जाता है। मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य में महाराष्ट्र की राजनीति मुख्य रूप से दो बड़े गठबंधनों में बंटी हुई है। एक तरफ भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाला एनडीए गठबंधन सत्ता में है, जबकि दूसरी ओर कांग्रेस के नेतृत्व वाला आई.एन.डी.आई.ए. गठबंधन विपक्ष में है। ऐसे में एनसीपी के दोनों गुटों के बीच किसी भी तरह का राजनीतिक पुनर्गठन राज्य की सत्ता के समीकरणों पर असर डाल सकता है।राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि किसी भी विलय या समझौते के लिए केवल भावनात्मक जुड़ाव काफी नहीं होगा, बल्कि सीटों का बंटवारा, नेतृत्व की भूमिका, संगठन पर नियंत्रण और भविष्य की चुनावी रणनीति जैसे मुद्दे भी महत्वपूर्ण होंगे। दोनों गुटों के नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच तालमेल बनाना भी एक बड़ी चुनौती होगी। शरद पवार महाराष्ट्र की राजनीति के सबसे अनुभवी नेताओं में शामिल हैं। दशकों के राजनीतिक अनुभव और मजबूत संगठनात्मक पकड़ के कारण उनकी भूमिका अब भी महत्वपूर्ण बनी हुई है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/51086/discussion-of-merger-of-nationalist-congress-party-arises-again-in</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/51086/discussion-of-merger-of-nationalist-congress-party-arises-again-in</guid>
                <pubDate>Sun, 02 Aug 2026 13:06:21 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-08/deccanherald_2026-05-20_2al4uy99_collage-14-%281%29.jpg"                         length="683755"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पुणे : UBT सेना के 6 सांसदों के विलय पर शाइना NC का बयान</title>
                                    <description><![CDATA[<p>शिवसेना नेता शायना NC ने छह शिवसेना (UBT) सांसदों के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में विलय का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इन सांसदों ने डिप्टी सीएम शिंदे के नेतृत्व में वफादारी दिखाई है। उन्होंने यह भी कहा कि वे NDA और महायुति के साथ मिलकर एक विकसित महाराष्ट्र के लिए काम करना चाहते हैं।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/50844/shaina-ncs-statement-on-the-merger-of-6-mps-of"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-07/images---2026-07-20t131451.070.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>पुणे : </strong>शिवसेना नेता शायना NC ने छह शिवसेना (UBT) सांसदों के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में विलय का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इन सांसदों ने डिप्टी सीएम शिंदे के नेतृत्व में वफादारी दिखाई है। उन्होंने यह भी कहा कि वे NDA और महायुति के साथ मिलकर एक विकसित महाराष्ट्र के लिए काम करना चाहते हैं। शिवसेना नेता ने कहा, "ओम बिरला ने 6 सांसदों का स्वागत किया है। उन्होंने डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में वफादारी दिखाई है। जो लोग विकसित महाराष्ट्र के लिए काम करना चाहते हैं, वे NDA और महायुति के साथ हैं..."</p>
<p> </p>
<p>उनके ये बयान लोकसभा स्पीकर ओम बिरला द्वारा महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में छह बागी शिवसेना (UBT) सांसदों के विलय को मंज़ूरी देने के बाद आए हैं। इससे लोकसभा में शिवसेना की संख्या बढ़कर 13 हो गई है, जबकि UBT सेना के सदस्यों की संख्या घटकर तीन रह गई है। इन छह सांसदों में संजय दीना पाटिल, संजय जाधव, संजय देशमुख, भाऊसाहेब वाकचौरे, नागेश पाटिल-अष्टिकर और ओमप्रकाश राजेनिंबालकर शामिल थे।वहीं, शिवसेना (UBT) के प्रवक्ता आनंद दुबे ने कहा कि पार्टी के छह सांसदों के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में विलय को लोकसभा स्पीकर की मंज़ूरी ने "लोकतंत्र को कमज़ोर किया है।" दुबे ने कहा, "जब 2022 में हमारी पार्टी को तोड़ा जा रहा था, तब हमने अपनी लड़ाई शुरू की थी, और अब 2026 है।</p>
<p>इन 4 सालों में हमें कभी पता नहीं चला कि हमने क्या गलती की थी। हमारी पार्टी का नाम और चुनाव चिह्न छीन लिया गया। तत्कालीन गवर्नर भगत सिंह कोश्यारी ने हमारे खिलाफ़ बड़ी भूमिका निभाई।" पिछले महीने, शिवसेना (UBT) में एक और विभाजन हुआ, जिसमें छह लोकसभा सांसद महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में शामिल हो गए। BJP के नेतृत्व वाले नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस के पास अभी लोकसभा में 298 सीटें हैं, जिनमें स्पीकर भी शामिल हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/50844/shaina-ncs-statement-on-the-merger-of-6-mps-of</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/50844/shaina-ncs-statement-on-the-merger-of-6-mps-of</guid>
                <pubDate>Mon, 20 Jul 2026 13:15:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-07/images---2026-07-20t131451.070.jpg"                         length="13573"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई :नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी के दोनों ग्रुप का मर्जर नहीं होगा - अजित पवार</title>
                                    <description><![CDATA[<p>राज्य में चल रहे नगर निगम चुनावों में पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ के बड़े नगर निगमों समेत कुछ जगहों पर नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी के दोनों ग्रुप मिलकर चुनाव लड़ रहे हैं। ऐसा भी लग रहा है कि दोनों ग्रुप के बीच का अंतर कम हो गया है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/46980/there-will-be-no-merger-of-both-groups-of-nationalist"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-01/download---2026-01-14t125203.531.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई :</strong> राज्य में चल रहे नगर निगम चुनावों में पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ के बड़े नगर निगमों समेत कुछ जगहों पर नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी के दोनों ग्रुप मिलकर चुनाव लड़ रहे हैं। ऐसा भी लग रहा है कि दोनों ग्रुप के बीच का अंतर कम हो गया है। इसलिए, ऐसी बातें हो रही थीं कि NCP के दोनों ग्रुप का मर्जर होगा, सुप्रिया सुले केंद्र में मंत्री बनेंगी। इस बीच, आज नगर निगम चुनावों का प्रचार खत्म है, ऐसे में नेशनलिस्ट कांग्रेस (अजीत पवार) पार्टी के नेता अजित पवार ने बड़ा बयान दिया है।</p>
<p> </p>
<p>नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी के दोनों ग्रुप का मर्जर नहीं होगा। अजित पवार ने यह भी साफ कर दिया है कि सुप्रिया सुले केंद्र में मंत्री नहीं बनेंगी। अजित पवार ने कहा कि ऐसा होने का सवाल ही नहीं उठता। सुप्रिया सुले अभी भारत अघाड़ी में हैं। जबकि हम NDA में हैं। साथ ही, NCP की दोनों पार्टियां एक साथ नहीं आएंगी, यह भी अजित पवार ने इस समय साफ कर दिया।</p>
<p>इस बीच, नगर निगम चुनावों में हुए नाटकीय घटनाक्रम के बाद, पुणे और पिंपरी चिंचवाड़ नगर निगम इलाकों में NCP के अजित पवार और शरद पवार गुट एक साथ आ गए। साथ ही, प्रचार के दौरान यह भी देखा गया कि पवार गुटों के गठबंधन ने इन दोनों नगर निगमों में BJP के लिए बड़ी चुनौती खड़ी कर दी। इस वजह से, यहां के नतीजों को लेकर राजनीतिक हलकों में उत्सुकता है।<br /> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/46980/there-will-be-no-merger-of-both-groups-of-nationalist</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/46980/there-will-be-no-merger-of-both-groups-of-nationalist</guid>
                <pubDate>Wed, 14 Jan 2026 12:53:10 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-01/download---2026-01-14t125203.531.jpg"                         length="8181"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>महाराष्ट्र सरकार कोंकण रेलवे निगम लिमिटेड के भारतीय रेलवे में विलय को मंजूरी देगी</title>
                                    <description><![CDATA[<p>महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने विधान परिषद में घोषणा की कि महाराष्ट्र सरकार कोंकण रेलवे निगम लिमिटेड (केआरसीएल) के भारतीय रेलवे में विलय को अपनी मंजूरी देगी। उन्होंने कहा कि इस कदम से केआरसीएल को अपनी वित्तीय बाधाओं को दूर करने में मदद मिलेगी, जबकि इसका नाम ‘कोंकण रेलवे’ बरकरार रहेगा। राज्य विधानमंडल के ऊपरी सदन में भाजपा के प्रवीण दारेकर के प्रश्न के उत्तर में फडणवीस ने कहा, ‘‘महाराष्ट्र (कोंकण रेलवे के) विलय के लिए अपनी सहमति से केंद्र को अवगत कराएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि चाहे रेलवे ट्रैक का दोहरीकरण हो या भूस्खलन निरोधक उपाय करना हो, केआरसीएल धन की कमी के कारण आगे नहीं बढ़ सका।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/39137/maharashtra-government-to-approve-merger-of-konkan-railway-corporation-limited-with-indian-railways"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2025-03/hqdefault-(1).jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने विधान परिषद में घोषणा की कि महाराष्ट्र सरकार कोंकण रेलवे निगम लिमिटेड (केआरसीएल) के भारतीय रेलवे में विलय को अपनी मंजूरी देगी। उन्होंने कहा कि इस कदम से केआरसीएल को अपनी वित्तीय बाधाओं को दूर करने में मदद मिलेगी, जबकि इसका नाम ‘कोंकण रेलवे’ बरकरार रहेगा। राज्य विधानमंडल के ऊपरी सदन में भाजपा के प्रवीण दारेकर के प्रश्न के उत्तर में फडणवीस ने कहा, ‘‘महाराष्ट्र (कोंकण रेलवे के) विलय के लिए अपनी सहमति से केंद्र को अवगत कराएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि चाहे रेलवे ट्रैक का दोहरीकरण हो या भूस्खलन निरोधक उपाय करना हो, केआरसीएल धन की कमी के कारण आगे नहीं बढ़ सका।</p>
<p>उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर केंद्र सरकार के साथ कई बार चर्चा हुई और रेल मंत्री ने समाधान के तौर पर विलय का प्रस्ताव रखा। फडणवीस ने कहा कि केरल, कर्नाटक और गोवा ने पहले ही मंजूरी दे दी है। अपनी सहमति जताते हुए हमने केंद्र सरकार से कोंकण रेलवे का नाम बरकरार रखने का अनुरोध किया है।उन्होंने कहा कि रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने यह अनुरोध स्वीकार कर लिया है।<br />ट्रेनों में अलग-अलग श्रेणियों का किराया</p>
<p>रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि विभिन्न ट्रेनों में अलग-अलग श्रेणियों का किराया उनमें दी जाने वाली सुविधाओं पर आधारित होता है तथा विभिन्न प्रकार के यात्री वर्गों के लिए अलग-अलग ट्रेन सेवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। असम के धुबरी से कांग्रेस सदस्य रकीबुल हुसैन ने अपने प्रश्न के माध्यम से यह जानना चाहा था कि क्या सरकार ने वंदे भारत एक्सप्रेस के किराये को कम करने पर विचार किया है ताकि इस प्रीमियम ट्रेन सेवा को आबादी के बड़े हिस्से, विशेष रूप से निम्न आय वर्ग के लिए अधिक वहनीय बनाया जा सके। प्रश्न के उत्तर में वैष्णव ने कहा कि भारतीय रेलवे यात्रा पर आने वाली लागत, खर्च, यात्रियों द्वारा वहन किए जा सकने वाले व्यय, यातायात के अन्य प्रतिस्पर्धी साधनों से प्रतिस्पर्धा, सामाजिक-आर्थिक पहलुओं आदि को ध्यान में रखते हुए किराया तय करता है।<br />वैष्णव ने कहा कि विभिन्न ट्रेनों/श्रेणियों का किराया इन ट्रेनों में दी जाने वाली सुविधाओं पर आधारित होता है। भारतीय रेलवे विभिन्न प्रकार के यात्री खंडों के लिए विभिन्न प्रकार की ट्रेन परिचालित करता है। वंदे भारत ट्रेनों सहित यात्री किराये का मूल्यांकन और युक्तिकरण एक सतत और जारी रहने वाली प्रक्रिया है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि हाल में भारतीय रेल ने अमृत भारत सेवाएं शुरू की हैं, जो पूरी तरह से गैर-एसी ट्रेन हैं, जिनमें वर्तमान में 12 डिब्बे शयनयान श्रेणी के और 8 डिब्बे सामान्य श्रेणी के हैं, जो आबादी के बड़े हिस्से, विशेष रूप से निम्न आय वर्ग को उच्च गुणवत्ता वाली सेवाएं प्रदान करते हैं।’ रेल मंत्री के अनुसार, अमृत भारत रेलगाड़ियों में आधुनिक प्रौद्योगिकी है, जो आरामदायक यात्रा के लिए अर्ध-स्थायी कपलर, क्षैतिज स्लाइडिंग खिड़कियां, फोल्डेबल टेबल और बोतल एवं मोबाइल रखने जैसी उन्नत सुविधाओं से लैस हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/39137/maharashtra-government-to-approve-merger-of-konkan-railway-corporation-limited-with-indian-railways</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/39137/maharashtra-government-to-approve-merger-of-konkan-railway-corporation-limited-with-indian-railways</guid>
                <pubDate>Thu, 20 Mar 2025 19:34:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2025-03/hqdefault-%281%29.jpg"                         length="38155"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        