<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/16980/waiver" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>waiver - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/16980/rss</link>
                <description>waiver RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>मुंबई: कृषि लोन माफी योजना के नियमों में ढील का शरद पवार ने किया स्वागत</title>
                                    <description><![CDATA[<p>नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार गुट) के अध्यक्ष शरद पवार ने महाराष्ट्र सरकार की कृषि लोन माफी योजना के लिए पात्रता नियमों में बदलाव के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि सरकार के इस कदम से बड़ी संख्या में किसान योजना के लाभ से बाहर होने से बच जाएंगे और उन्हें आर्थिक राहत मिल सकेगी।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/50674/sharad-pawar-welcomed-the-relaxation-in-the-rules-of-mumbai"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-07/images---2026-07-11t113522.334.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार गुट) के अध्यक्ष शरद पवार ने महाराष्ट्र सरकार की कृषि लोन माफी योजना के लिए पात्रता नियमों में बदलाव के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि सरकार के इस कदम से बड़ी संख्या में किसान योजना के लाभ से बाहर होने से बच जाएंगे और उन्हें आर्थिक राहत मिल सकेगी। शरद पवार ने जारी एक बयान में कहा कि राज्य सरकार ने लगातार प्राकृतिक आपदाओं और कृषि उत्पादों की कीमतों में भारी गिरावट के कारण किसानों को राहत देने के उद्देश्य से लोन माफी योजना की घोषणा की थी। उन्होंने कहा कि खेती लगातार संकटों से गुजर रही है और ऐसे समय में किसानों को आर्थिक सहायता की जरूरत है।</p>
<p> </p>
<p>पवार ने बताया कि योजना की शुरुआती व्यवस्था में कुछ ऐसे नियम शामिल किए गए थे, जिनके कारण कई किसान लाभ पाने से वंचित हो सकते थे। खासतौर पर उन किसानों के लिए पात्रता से जुड़ी सीमाएं तय की गई थीं, जिन्होंने 2018-19 की लोन माफी योजना का लाभ पहले लिया था। उन्होंने कहा कि यदि पुराने लाभार्थियों को नई योजना से बाहर रखा जाता तो बड़ी संख्या में जरूरतमंद किसान इस राहत से वंचित रह जाते। इसलिए पात्रता नियमों को सरल बनाने का फैसला किसानों के हित में है।</p>
<p>किसानों की आर्थिक स्थिति पर चिंता शरद पवार ने कहा कि महाराष्ट्र के किसान पिछले कई वर्षों से विभिन्न समस्याओं का सामना कर रहे हैं। मौसम में लगातार बदलाव, बेमौसम बारिश, सूखा, फसल नुकसान और बाजार में कृषि उत्पादों की कम कीमतों ने किसानों की आर्थिक स्थिति को प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि कई किसानों को खेती की लागत निकालना भी मुश्किल हो रहा है। बीज, खाद, कीटनाशक, मजदूरी और सिंचाई जैसी बढ़ती लागत के कारण किसानों पर कर्ज का बोझ बढ़ता जा रहा है। ऐसे में लोन माफी जैसी योजनाएं किसानों को तत्काल राहत देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।</p>
<p>सरकार के फैसले से राहत की उम्मीद पवार ने कहा कि पात्रता नियमों में बदलाव से अब अधिक किसान योजना के दायरे में आ सकेंगे। इससे उन किसानों को भी लाभ मिलने की उम्मीद है, जो पहले बनाए गए नियमों के कारण योजना से बाहर हो रहे थे। उन्होंने सरकार के इस फैसले को सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि किसानों को राहत देने वाली योजनाओं का उद्देश्य अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों तक पहुंचना होना चाहिए। किसी भी प्रकार की जटिल शर्तें किसानों के लिए परेशानी का कारण नहीं बननी चाहिए।<br />कृषि संकट को लेकर उठाए सवाल एनसीपी प्रमुख ने राज्य में कृषि क्षेत्र की मौजूदा स्थिति पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि केवल कर्ज माफी से किसानों की सभी समस्याओं का समाधान नहीं हो सकता। किसानों को स्थायी राहत देने के लिए फसल को उचित मूल्य, बेहतर बाजार व्यवस्था, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार और कृषि लागत को नियंत्रित करने जैसे कदम भी जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए दीर्घकालिक नीतियां तैयार करनी चाहिए।</p>
<p>प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित किसान महाराष्ट्र के कई इलाकों में हाल के वर्षों में बारिश, बाढ़ और अन्य प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा है। पवार ने कहा कि ऐसे हालात में किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ती है। एक ओर उत्पादन प्रभावित होता है, वहीं दूसरी ओर बाजार में उचित कीमत नहीं मिलने से उनकी परेशानी बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा घोषित राहत योजनाओं का लाभ समय पर और बिना कठिन प्रक्रिया के किसानों तक पहुंचना चाहिए। राजनीतिक नजरिए से भी अहम फैसला महाराष्ट्र में किसानों का मुद्दा हमेशा से राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण रहा है। ऐसे में कृषि लोन माफी योजना के नियमों में बदलाव को लेकर विपक्ष और सत्तारूढ़ दलों के बीच प्रतिक्रिया सामने आ रही है।</p>
<p>शरद पवार का समर्थन इस फैसले को किसानों के मुद्दे पर सरकार के प्रति नरम रुख के तौर पर भी देखा जा रहा है। हालांकि उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि किसानों की समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए व्यापक कदम उठाने की आवश्यकता है। फिलहाल सरकार के फैसले के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि बड़ी संख्या में किसान इस योजना का लाभ उठा सकेंगे। पात्रता नियमों में बदलाव से उन किसानों को राहत मिलने की संभावना है, जो पहले तकनीकी कारणों से योजना से बाहर हो सकते थे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/50674/sharad-pawar-welcomed-the-relaxation-in-the-rules-of-mumbai</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/50674/sharad-pawar-welcomed-the-relaxation-in-the-rules-of-mumbai</guid>
                <pubDate>Sat, 11 Jul 2026 11:38:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-07/images---2026-07-11t113522.334.jpg"                         length="23291"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title> नवी मुंबई : शहरी विकास मंत्रालय ने नगर आयुक्त को 2.5 लाख CIDCO संपत्ति धारकों के लिए जुर्माना माफी की घोषणा करने का निर्देश दिया</title>
                                    <description><![CDATA[<p>CIDCO संपत्तियों में रहने वाले 2.5 लाख से अधिक संपत्ति धारकों को बड़ी राहत देते हुए, शहरी विकास मंत्रालय ने नगर आयुक्त को आने वाले दिनों में संपत्ति कर जुर्माना माफी पर निर्णय की घोषणा करने का निर्देश दिया है। इस कदम को अनुचित कराधान के खिलाफ खारघर कॉलोनी फोरम के नेतृत्व में चल रहे बहु-वर्षीय अभियान में पहली महत्वपूर्ण सफलता के रूप में देखा जा रहा है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/41507/navi-mumbai--urban-development-ministry-directs-municipal-commissioner-to-announce-waiver-of-penalty-for-2-5-lakh-cidco-property-holders"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2025-06/download.png" alt=""></a><br /><p><strong>नवी मुंबई: </strong>CIDCO संपत्तियों में रहने वाले 2.5 लाख से अधिक संपत्ति धारकों को बड़ी राहत देते हुए, शहरी विकास मंत्रालय ने नगर आयुक्त को आने वाले दिनों में संपत्ति कर जुर्माना माफी पर निर्णय की घोषणा करने का निर्देश दिया है। इस कदम को अनुचित कराधान के खिलाफ खारघर कॉलोनी फोरम के नेतृत्व में चल रहे बहु-वर्षीय अभियान में पहली महत्वपूर्ण सफलता के रूप में देखा जा रहा है। खारघर कॉलोनी फोरम के पूर्व पार्षद और अध्यक्ष ने कहा, "धारा 129ए के तहत 65% संपत्ति कर छूट और दोहरे कराधान के मुद्दे को संबोधित करने के लिए जुलाई के पहले सप्ताह में एक अनुवर्ती बैठक निर्धारित की गई है, जो लंबे समय से चली आ रही शिकायतों को हल करने की सरकार की इच्छा का संकेत है।"</p>
<p> </p>
<p>यह निर्णय गुरुवार शाम को मुंबई में मंत्रालय में आयोजित एक बैठक के बाद लिया गया, जिसे गरद द्वारा लगातार अनुवर्ती कार्रवाई के बाद बुलाया गया था। बैठक गरद द्वारा प्रस्तुत एक आवेदन पर आधारित थी और राजनीतिक नेताओं और अधिकारियों द्वारा समर्थित थी। इस अवसर पर सांसद श्रीरंग बारणे, विधायक प्रशांत ठाकुर, शिवसेना के महानगर अध्यक्ष प्रथमेश सोमन, जिला अध्यक्ष रामदास शेवाले, नगर आयुक्त मंगेश चितले, अतिरिक्त आयुक्त गणेश शेटे और अन्य प्रमुख अधिकारी उपस्थित थे।</p>
<p>बैठक के दौरान गरद और उनके पति अर्जुन गरद ने 2.5 लाख सिडको कॉलोनी संपत्ति धारकों की ओर से कई महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए। चर्चा की गई मुख्य चिंताओं में से एक यह थी कि सिडको द्वारा नागरिक सेवाएं प्रदान करने और सेवा शुल्क एकत्र करने के बावजूद, नगर निगम ने 1 अक्टूबर, 2016 से 31 अक्टूबर, 2022 तक कोई भी नगरपालिका सेवा प्रदान किए बिना या संबंधित खर्च किए बिना संपत्ति कर लगाया। इसे दोहरा कराधान बताया गया, जिसने संपत्ति धारकों पर अनुचित रूप से बोझ डाला।</p>
<p>एक अन्य प्रमुख मुद्दा धारा 129ए के तहत 65% संपत्ति कर छूट था, जो गांव की सीमा में 31,000 संपत्तियों को दी गई थी, लेकिन सिडको कॉलोनियों में संपत्ति धारकों को इस तरह के बहिष्कार को उचित ठहराने के लिए कोई कानूनी प्रावधान नहीं होने के बावजूद इनकार कर दिया गया। शहरी विकास प्रमुख सचिव ने इस असमानता को गंभीरता से लिया और नगर निगम को अगली बैठक में अपनी स्थिति स्पष्ट करने का निर्देश दिया।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/41507/navi-mumbai--urban-development-ministry-directs-municipal-commissioner-to-announce-waiver-of-penalty-for-2-5-lakh-cidco-property-holders</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/41507/navi-mumbai--urban-development-ministry-directs-municipal-commissioner-to-announce-waiver-of-penalty-for-2-5-lakh-cidco-property-holders</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Jun 2025 13:26:53 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2025-06/download.png"                         length="5141"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शीतकालीन सत्र ; विपक्ष ने उठाई कर्जमाफी की मांग</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>नागपुर: </strong>महाराष्ट्र विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन विपक्ष ने कृषि कर्ज माफी, धान की फसल पर बोनस और कपास व सोयाबीन के लिए अधिक न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की मांग करते हुए यहां विधान भवन में प्रदर्शन किया। शिवसेना (यूबीटी), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के शरद पवार गुट और कांग्रेस समेत महा विकास आघाड़ी (एमवीए) के वरिष्ठ नेताओं ने संतरे और कपास से बनी मालाएं पहनकर सरकार के खिलाफ नारे लगाए।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/26626/winter-session---opposition-raised-demand-for-loan-waiver"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2023-12/ddsgd2.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>नागपुर: </strong>महाराष्ट्र विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन विपक्ष ने कृषि कर्ज माफी, धान की फसल पर बोनस और कपास व सोयाबीन के लिए अधिक न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की मांग करते हुए यहां विधान भवन में प्रदर्शन किया। शिवसेना (यूबीटी), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के शरद पवार गुट और कांग्रेस समेत महा विकास आघाड़ी (एमवीए) के वरिष्ठ नेताओं ने संतरे और कपास से बनी मालाएं पहनकर सरकार के खिलाफ नारे लगाए। उन्होंने कर्ज माफी, धान की फसल पर 1,000 रुपये के बोनस और कपास तथा सोयाबीन के लिए क्रमश: 14,000 रुपये और 18,000 रुपये की एमएसपी के रूप में किसानों को तत्काल राहत देने की मांग की। महाराष्ट्र विधानसभा का शीतकालीन सत्र सात दिसंबर से 20 दिसंबर तक चलने की संभावना है। इससे पहले विपक्ष ने सरकार की ओर सत्र की शुरुआत पर रखी गई चाय पार्टी का भी बॉयकॉट किया था। </p>
<p><br />विधानसभा में विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि किसानों पर बेमौसम बारिश की मार पड़ी है जबकि लाखों किसानों को कपास और सोयाबीन के लिए उचित एमएसपी नहीं मिल रही है। वडेट्टीवार ने कहा कि सरकार केवल ‘पंचनामा’ (सर्वेक्षण) और घोषणाएं कर रही है। हम किसानों के खाते में निधि चाहते हैं न कि घोषणाएं। विधान परिषद में विपक्ष के नेता अंबादास दानवे, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले, एनसीपी नेता जयंत पाटिल और अनिल देशमुख तथा कांग्रेस नेता अशोक चह्वाण और बालासाहेब थोराट समेत एमवीए के अन्य नेताओं ने भी प्रदर्शन में भाग लिया। दानवे ने कहा कि बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के कारण किसानों पर गंभीर असर पड़ा है। उन्होंने किसानों के लिए कर्ज माफी की मांग की।<br />कस्बा पेठ से विधायक और कांग्रेस नेता रविंद्र धनगेकर ने मादक पदार्थ तस्कर ललित पाटिल से संबंध रखने वाले मंत्रियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने पुणे के ससून हॉस्पिटल के पूर्व डीन संजीव ठाकुर की गिरफ्तारी की भी मांग की।</p>
<p>ललित पाटिल एक्स-रे के लिए अस्पताल लाए जाने के बाद दो अक्टूबर को वहां से फरार हो गया था जिसके बाद नौ पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया गया था। जांच से पता चला कि पिछले साल मादक पदार्थ के एक मामले में गिरफ्तार पाटिल अस्पताल से मादक पदार्थ तस्करी का अपना गिरोह चला रहा था। उसे बाद में कर्नाटक में गिरफ्तार कर लिया गया था। पुणे पुलिस ने इस मामले में अस्पताल के चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रवीण देवकाते को गिरफ्तार किया है।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/26626/winter-session---opposition-raised-demand-for-loan-waiver</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/26626/winter-session---opposition-raised-demand-for-loan-waiver</guid>
                <pubDate>Fri, 08 Dec 2023 09:07:54 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2023-12/ddsgd2.jpg"                         length="548022"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        