<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/14408/disqualified" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani News  RSS Feed Generator</generator>
                <title>disqualified - Rokthok Lekhani News </title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/14408/rss</link>
                <description>disqualified RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>मुंबई : लाडली बहन योजना में 68 लाख महिलाओं को अपात्र; वार्षिक खर्च 43740 करोड़ से घटकर 31500 करोड़ रुपये रह जाएगा</title>
                                    <description><![CDATA[<p>महाराष्ट्र सरकार ने लाडली बहन योजना के तहत 68 लाख महिलाओं को अपात्र घोषित किया है। इससे सरकार का सालाना 12240 करोड़ रुपये बचेगा। वहीं लाडली बहन योजना पर वार्षिक खर्च 43740 करोड़ से घटकर 31500 करोड़ रुपये रह जाएगा। सरकार ने लाडली बहन योजना के लिए ई-केवाईसी की डेडलाइन 30 अप्रैल तक बढ़ा दी है। पहले लाडली बहन योजना का ई-केवाईसी 31 मार्च तक था।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/49176/annual-expenditure-of-68-lakh-women-ineligible-under-mumbai-ladli"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-04/download---2026-04-13t130733.704.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई: </strong>महाराष्ट्र सरकार ने लाडली बहन योजना के तहत 68 लाख महिलाओं को अपात्र घोषित किया है। इससे सरकार का सालाना 12240 करोड़ रुपये बचेगा। वहीं लाडली बहन योजना पर वार्षिक खर्च 43740 करोड़ से घटकर 31500 करोड़ रुपये रह जाएगा। सरकार ने लाडली बहन योजना के लिए ई-केवाईसी की डेडलाइन 30 अप्रैल तक बढ़ा दी है। पहले लाडली बहन योजना का ई-केवाईसी 31 मार्च तक था। महिला एवं बाल विकास विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि योजना से 68 लाख महिलाओं के नाम बाहर होने से अब दूसरे विभागों से निधि लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी।</p>
<p> </p>
<p>एकनाथ शिंदे सरकार ने जुलाई 2024 में राज्य में लाडली बहन योजना शुरू की थी। शुरुआत में इस योजना के तहत करीब 2 करोड़ 47 लाख महिलाएं लाभार्थी थीं, इनमें से 31 मार्च 2026 तक 1 करोड़ 75 लाख महिलाओं ने ई-केवाईसी प्रक्रिया को पूरा किया। वहीं 68 लाख महिलाएं अपात्र होकर योजना से बाहर हो गई।</p>
<p><strong>ई केवाईसी जरूरी होने का मिला सरकार को फायदा</strong><br />लाडली बहन योजना के तहत पात्र महिलाओं को 1500 रुपये की किश्त दी जा रही है। लेकिन अपात्र महिलाओं द्वारा योजना का लाभ लेने की शिकायत मिलने के बाद सरकार ने 18 सितंबर 2025 को परिपत्र जारी कर योजना का लाभ लेने के लिए दो माह के भीतर ई-केवाईसी करना अनिवार्य किया था।</p>
<p><strong>अपात्र महिलाओं को मिले 20 हजार करोड़</strong><br />आखिरकार इस योजना से 68 लाख महिलाएं बाहर हो गईं। वहीं अब 1 करोड़ 75 लाख महिलाएं इस योजना के लिए पात्र पाई गई हैं। एक अधिकारी ने बताया कि पिछले 20 महीने में अपात्र महिलाओं के खाते में 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक जमा किए गए हैं। अब इन महिलाओं के योजना से बाहर होने से राज्य सरकार का हर साल लगभग 12240 करोड़ रुपये बचेगा। इस योजना के लिए कुल 43740 करोड़ रुपये साल में खर्च होने का अनुमान था, जो अब घटकर 31500 करोड़ रुपये रह जाएगा।</p>
<p><strong>हड़बड़ी में शुरू की गई थी लाडली बहन योजना</strong><br />विधानसभा चुनाव से पहले शुरू की गई इस योजना के तहत जरूरतमंद महिलाओं के बैंक खातों में हर महीने 1500 रुपये जमा किए जाते थे। यह योजना काफी लोकप्रिय रही और इसका राजनीतिक लाभ भी मिला। हालांकि, सरकार के ध्यान में आया कि बड़ी संख्या में फर्जी लाभार्थी भी योजना में शामिल हो गए थे। उस दौरान सरकार ने कोई जांच-पड़ताल नहीं की। इसका अपात्र महिलाओं सहित पुरुषों ने भी लाभ उठाया। चुनाव के बाद सरकार ने जांच शुरू की तो 68 लाख महिलाएं अपात्र हो गई, इससे सरकार के खजाने पर भी भार कम होगा।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/49176/annual-expenditure-of-68-lakh-women-ineligible-under-mumbai-ladli</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/49176/annual-expenditure-of-68-lakh-women-ineligible-under-mumbai-ladli</guid>
                <pubDate>Mon, 13 Apr 2026 13:29:46 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-04/download---2026-04-13t130733.704.jpg"                         length="14554"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई : म्हाडा के ग्रैंड लिस्ट में  ४९ विजेताओं को अयोग्य घोषित</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong> </strong>म्हाडा के मुंबई बिल्डिंग रिपेयर एंड रिकंस्ट्रक्शन बोर्ड द्वारा दिसंबर २०२३ में निकाली गई ग्रैंड लिस्ट (विस्तृत सूची) में २६५ घरों के ड्रॉ में अनियमितताओं की जांच आखिरकार पूरी हो गई है। रिपेयर बोर्ड द्वारा जांच रिपोर्ट म्हाडा प्राधिकरण को सौंप दी गई है और ४९ विजेताओं को अयोग्य घोषित कर दिया गया है। इन विजेताओं पर फर्जी दस्तावेज जमा करने का आरोप लगाया गया था।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/40116/mumbai--49-winners-disqualified-in-mhada-s-grand-list"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2025-04/download---2025-04-27t105305.384.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई :  </strong>म्हाडा के मुंबई बिल्डिंग रिपेयर एंड रिकंस्ट्रक्शन बोर्ड द्वारा दिसंबर २०२३ में निकाली गई ग्रैंड लिस्ट (विस्तृत सूची) में २६५ घरों के ड्रॉ में अनियमितताओं की जांच आखिरकार पूरी हो गई है। रिपेयर बोर्ड द्वारा जांच रिपोर्ट म्हाडा प्राधिकरण को सौंप दी गई है और ४९ विजेताओं को अयोग्य घोषित कर दिया गया है। इन विजेताओं पर फर्जी दस्तावेज जमा करने का आरोप लगाया गया था।</p>
<p> </p>
<p>चूंकि जांच के दौरान इन विजेताओं के मूल दस्तावेज जमा नहीं किए गए थे इसलिए म्हाडा ने उन्हें अयोग्य घोषित करके घर वितरण को रद्द कर दिया। ये अपात्र निवासी म्हाडा उपाध्यक्ष के समक्ष अपील कर सकते हैं। ध्वस्त या अत्यधिक खतरनाक इमारतों के निवासियों को मरम्मत बोर्ड के ट्रांजिट वैंâप में स्थानांतरित कर दिया जाता है।</p>
<p>ढह गई या अत्यधिक खतरनाक इमारत के पुनर्विकास के बाद इन निवासियों को उनके सही घर वितरित किए जाते हैं। हालांकि, इसी समय कुछ निवासियों की इमारतों का विभिन्न कारणों से पुनर्विकास नहीं हो पाता है और उन्हें ट्रांजिट कैंपों में रहना पड़ता है। ऐसे निवासियों को पात्र घर उपलब्ध कराने के लिए सुधार मंडल ने एक व्यापक सूची तैयार की है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/40116/mumbai--49-winners-disqualified-in-mhada-s-grand-list</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/40116/mumbai--49-winners-disqualified-in-mhada-s-grand-list</guid>
                <pubDate>Sun, 27 Apr 2025 10:53:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2025-04/download---2025-04-27t105305.384.jpg"                         length="6847"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>१५ विधायक भी अयोग्य हो जाएंगे तो शिंदे का पुनर्वास फडणवीस करेंगे, लेकिन बाकी विधायकों का क्या होगा? - अनिल परब</title>
                                    <description><![CDATA[<p>विधायकों की अयोग्यता की सुनवाई पर अनिल परब मीडिया से बात कर रहे थे। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा है कि इस मामले का निपटारा ३१ दिसंबर तक हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके लिए नया शेड्यूल बनाया गया है। एकनाथ शिंदे को विधान परिषद से लाने और उन्हें मुख्यमंत्री बनाने का बयान देवेंद्र फडणवीस ने मीडिया को दिया है। इस पर परब ने कई तकनीकी मुद्दे उठाए। उन्होंने कहा कि इसमें कानून अलग है।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/25694/if-15-mlas-are-also-disqualified--fadnavis-will-rehabilitate-shinde--but-what-will-happen-to-the-remaining-mlas----anil-parab"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2023-11/download-(6)1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>मुंबई : </strong>एकनाथ शिंदे ही नहीं, बल्कि अन्य १५ विधायक भी अयोग्य हो जाएंगे तो शिंदे का पुनर्वास फडणवीस करेंगे, लेकिन बाकी विधायकों का क्या होगा? ऐसा सवाल शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) नेता व विधायक एड. अनिल परब ने किया। अगर शिंदे को अयोग्य घोषित किया जाता है तो बाकी गद्दार जो कहते हैं कि शिंदे के लिए शिवसेना से गद्दारी की थी, वे सभी मिट्टी में मिल जाएंगे।</p>
<p style="text-align:justify;">ऐसा परब ने कहा। विधायकों की अयोग्यता की सुनवाई पर अनिल परब मीडिया से बात कर रहे थे। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा है कि इस मामले का निपटारा ३१ दिसंबर तक हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके लिए नया शेड्यूल बनाया गया है। एकनाथ शिंदे को विधान परिषद से लाने और उन्हें मुख्यमंत्री बनाने का बयान देवेंद्र फडणवीस ने मीडिया को दिया है। इस पर परब ने कई तकनीकी मुद्दे उठाए। उन्होंने कहा कि इसमें कानून अलग है।</p>
<p style="text-align:justify;">जब शिंदे अयोग्य होंगे तो वे विधानसभा सदस्य होंगे। विधान परिषद में लेना उन्हें संभव होगा क्या? उनका विधान परिषद में चयन किस माध्यम से होगा? क्या राज्यपाल के माध्यम मनोनीत नियुक्ति होगी या किसी के विधायक पद से इस्तीफा लेकर बाद में उन्हें चुना जाएगा? इन सभी बातों पर विचार करना होगा।</p>
<p style="text-align:justify;">यदि शिंदे अकेले पुन: वापस पद पर लौटते हैं तो अन्य १५ गद्दारों का क्या होगा? उन्हें रामभरोसे छोड़ेंगे क्या? ऐसा सवाल परब ने किया। उन्होंने आगे कहा कि फडणवीस का विकल्प सही है या गलत, यह एक अलग सवाल है, लेकिन फडणवीस को यकीन है कि वह अयोग्य हो जाएंगे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/25694/if-15-mlas-are-also-disqualified--fadnavis-will-rehabilitate-shinde--but-what-will-happen-to-the-remaining-mlas----anil-parab</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/25694/if-15-mlas-are-also-disqualified--fadnavis-will-rehabilitate-shinde--but-what-will-happen-to-the-remaining-mlas----anil-parab</guid>
                <pubDate>Sun, 05 Nov 2023 17:47:15 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2023-11/download-%286%291.jpg"                         length="5196"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विधायकों को अयोग्यता पर फैसले से पहले बोले उपमुख्यमंत्री फडणवीस... 'अयोग्य होने पर भी शिंदे ही रहेंगे मुख्यमंत्री'</title>
                                    <description><![CDATA[<p>उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे अयोग्य नहीं होंगे। अगर वह अयोग्य हो भी जाते हैं, तो हम उन्हें विधान परिषद के लिए निर्वाचित कराएंगे और वह मुख्यमंत्री पद बरकरार रखेंगे।</p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/25490/deputy-chief-minister-fadnavis-said-before-the-decision-on-disqualification-of-mlas-----shinde-will-remain-the-chief-minister-even-if-he-is-disqualified"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2023-10/download-(3).jpg" alt=""></a><br /><p>विधायकों के अयोग्यता मामले पर बयानबाजी तेज हो गई है। इसी बीच उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे अयोग्य नहीं होंगे। अगर वह अयोग्य हो भी जाते हैं, तो हम उन्हें विधान परिषद के लिए निर्वाचित कराएंगे और वह मुख्यमंत्री पद बरकरार रखेंगे।</p>
<p>अगला चुनाव भी उनके ही नेतृत्व में लड़ा जाएगा। शीर्ष अदालत ने इससे पहले मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उनके समर्थित कई विधायकों को अयोग्य ठहराने के लिए उद्धव ठाकरे गुट द्वारा दायर याचिकाओं पर निर्णय लेने में देरी पर राज्य विधानसभा अध्यक्ष को कड़ी फटकार लगाई थी और कहा था कि स्पीकर शीर्ष अदालत के आदेशों को खारिज नहीं कर सकते हैं। शिंदे गुट द्वारा भी उद्धव के समर्थित सांसदों के खिलाफ इसी तरह की अयोग्यता याचिकाएं दायर की गई हैं।</p>
<p>18 सितंबर को शीर्ष अदालत ने स्पीकर को शिंदे और उनके समर्थित शिवसेना विधायकों के खिलाफ अयोग्यता याचिकाओं पर फैसले के लिए समय-सीमा बताने का निर्देश दिया, जिन्होंने जून 2022 में नई सरकार बनाने के लिए भाजपा के साथ गठबंधन किया था।</p>
<p>बता दें सुप्रीम कोर्ट ने 17 अक्तूबर को राज्य विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर को पार्टी में विभाजन के बाद एक-दूसरे के विधायकों को अयोग्य ठहराने की मांग करने वाली शिवसेना के प्रतिद्वंद्वी गुटों द्वारा दायर याचिकाओं पर निर्णय लेने के लिए समय-सीमा देने को कहा था।</p>
<p>उच्चतम न्यायालय सोमवार को शिवसेना के उद्धव ठाकरे गुट और एनसीपी के शरद पवार पक्ष द्वारा दायर याचिकाओं पर सुनवाई करने वाली है, जिसमें कुछ विधायकों के खिलाफ अयोग्यता याचिकाओं पर जल्द से जल्द निर्णय लेने के लिए नार्वेकर को निर्देश देने की मांग की गई है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/25490/deputy-chief-minister-fadnavis-said-before-the-decision-on-disqualification-of-mlas-----shinde-will-remain-the-chief-minister-even-if-he-is-disqualified</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/25490/deputy-chief-minister-fadnavis-said-before-the-decision-on-disqualification-of-mlas-----shinde-will-remain-the-chief-minister-even-if-he-is-disqualified</guid>
                <pubDate>Sun, 29 Oct 2023 17:11:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2023-10/download-%283%29.jpg"                         length="7218"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Online Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        