<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.rokthoklekhani.com/tag/13213/tankers" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Rokthok Lekhani RSS Feed Generator</generator>
                <title>tankers - Rokthok Lekhani</title>
                <link>https://www.rokthoklekhani.com/tag/13213/rss</link>
                <description>tankers RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>मुंबई : भारत का बड़ा एक्शन, ईरान के तीन तेल टैंकर जब्त! </title>
                                    <description>
                        <![CDATA[<p>भारत ने इस महीने ईरान से संबंधित तीन तेल टैंकरों को जब्त किया है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक अवैध तेल व्यापार पर रोक लगाने के लिए भारत ने अपने समुद्री क्षेत्र में निगरानी भी कड़ी कर दी है. हालांकि नेशनल ईरानीयन ऑयल कंपनी ने कहा है कि इन तीनों जहाजों का उसकी कंपनी से कोई संबंध नहीं है. सूत्रों के अनुसार जिन तीन जहाजों को रोका गया, उनके नाम स्टेलर रूबी, एस्फाल्ट स्टार और अल जफ्जिया हैं. बताया गया कि ये जहाज पहचान छिपाने के लिए बार-बार अपना नाम और जानकारी बदलते थे, ताकि तटीय एजेंसियों की नजर से बच सकें. इन जहाजों के मालिक विदेश में स्थित हैं. </p>]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/47786/mumbai-indias-big-action-three-oil-tankers-seized-from-iran"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2026-02/download---2026-02-17t113212.453.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>मुंबई : </strong>भारत ने इस महीने ईरान से संबंधित तीन तेल टैंकरों को जब्त किया है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक अवैध तेल व्यापार पर रोक लगाने के लिए भारत ने अपने समुद्री क्षेत्र में निगरानी भी कड़ी कर दी है. हालांकि नेशनल ईरानीयन ऑयल कंपनी ने कहा है कि इन तीनों जहाजों का उसकी कंपनी से कोई संबंध नहीं है. सूत्रों के अनुसार जिन तीन जहाजों को रोका गया, उनके नाम स्टेलर रूबी, एस्फाल्ट स्टार और अल जफ्जिया हैं. बताया गया कि ये जहाज पहचान छिपाने के लिए बार-बार अपना नाम और जानकारी बदलते थे, ताकि तटीय एजेंसियों की नजर से बच सकें. इन जहाजों के मालिक विदेश में स्थित हैं. </p>
<p> </p>
<p>भारतीय अधिकारियों ने 6 फरवरी को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में इन जहाजों को रोके जाने की जानकारी दी थी, जिसे बाद में हटा लिया गया. सूत्रों के मुताबिक मुंबई से लगभग 100 नॉटिकल मील पश्चिम में एक संदिग्ध गतिविधि का पता चलने के बाद इन जहाजों को रोका गया और आगे की जांच के लिए मुंबई लाया गया. सूत्र ने बताया कि भारत यह सुनिश्चित करना चाहता है कि उसके समुद्री क्षेत्र का इस्तेमाल जहाज-से-जहाज (शिप-टू-शिप) ट्रांसफर के जरिए तेल की वास्तविक उत्पत्ति छिपाने के लिए न किया जाए. इस तरह के ट्रांसफर का इस्तेमाल अक्सर प्रतिबंधों से बचने और कार्गो की ट्रैकिंग को जटिल बनाने के लिए किया जाता है.</p>
<p><strong>अमेरिका टैरिफ में कमी</strong><br />यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है, जब भारत और अमेरिका के संबंधों में हाल के दिनों में मजबूती आई है. इसी महीने वाशिंगटन ने घोषणा की थी कि भारत की ओर से रूसी तेल आयात रोकने पर सहमति के बाद भारतीय वस्तुओं पर आयात शुल्क 50 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत किया जाएगा. अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के तहत काम करने वाले Office of Foreign Assets Control ने पिछले साल तीन जहाजों, ग्लोबल पीस, चिल 1 और ग्लोरी स्टार 1 पर प्रतिबंध लगाया था. इनके अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन  नंबर उन जहाजों से मेल खाते बताए गए हैं, जिन्हें हाल में भारत ने जब्त किया है.</p>
<p><strong>तीन में से दो टैंकर ईरान से जुड़े</strong><br />शिपिंग डेटा उपलब्ध कराने वाली कंपनी LSEG के अनुसार जब्त किए गए तीन में से दो टैंकर ईरान से जुड़े रहे हैं. अल जफ्जिया ने वर्ष 2025 में ईरान से जिबूती तक फ्यूल ऑयल लेकर चला था, जबकि स्टेलर रूबी पर ईरान का झंडा लगा हुआ था. स्फाल्ट स्टार मुख्य रूप से चीन के आसपास के समुद्री मार्गों पर संचालित होती रही है. जहाजों की जब्ती के बाद भारतीय तटरक्षक बल ने निगरानी बढ़ा दी है. अब लगभग 55 जहाज और 10 से 12 विमान भारत के समुद्री क्षेत्र में चौबीसों घंटे निगरानी कर रहे हैं.</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>National</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/47786/mumbai-indias-big-action-three-oil-tankers-seized-from-iran</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/47786/mumbai-indias-big-action-three-oil-tankers-seized-from-iran</guid>
                <pubDate>Tue, 17 Feb 2026 11:33:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2026-02/download---2026-02-17t113212.453.jpg"                         length="4793"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Online Desk]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नवी मुंबई : खुले नालों में अवैध रूप से रसायन छोड़ने के आरोप में दो टैंकर ज़ब्त </title>
                                    <description>
                        <![CDATA[<p>अधिकारियों ने दीघा क्षेत्र में खुले नालों में अवैध रूप से रसायन छोड़ने के आरोप में दो टैंकरों को ज़ब्त कर लिया। दीघा ऐरोली क्षेत्र और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) की नागरिक शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए, नवी मुंबई नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पुलिस की सहायता से मंगलवार तड़के लगभग 1:30 बजे कार्रवाई की। </p>]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/42972/navi-mumbai--two-tankers-seized-for-illegally-discharging-chemicals-into-open-drains"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2025-08/download---2025-08-12t171712.050.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>नवी मुंबई : </strong>अधिकारियों ने दीघा क्षेत्र में खुले नालों में अवैध रूप से रसायन छोड़ने के आरोप में दो टैंकरों को ज़ब्त कर लिया। दीघा ऐरोली क्षेत्र और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) की नागरिक शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए, नवी मुंबई नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पुलिस की सहायता से मंगलवार तड़के लगभग 1:30 बजे कार्रवाई की। </p>
<p> </p>
<p>एशिया का सबसे बड़ा औद्योगिक क्षेत्र, नवी मुंबई, रसायनों के निर्माण या उपयोग करने वाले कारखानों के लिए जाना जाता है। आमतौर पर, इन पदार्थों को खाड़ी की ओर जाने वाले नालों में छोड़ने से पहले उनका उपचार किया जाना चाहिए। फिर भी, इस प्रक्रिया को अक्सर अनदेखा कर दिया जाता है, जिसके परिणामस्वरूप एक तेज़ गंध फैलती है जो आसपास के निवासियों को परेशान करती है।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/42972/navi-mumbai--two-tankers-seized-for-illegally-discharging-chemicals-into-open-drains</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/42972/navi-mumbai--two-tankers-seized-for-illegally-discharging-chemicals-into-open-drains</guid>
                <pubDate>Tue, 12 Aug 2025 17:18:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2025-08/download---2025-08-12t171712.050.jpg"                         length="9497"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Online Desk]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ठाणे : बारिश के बाद भी ठाणे में पानी का संकट... टैंकरों पर बढ़ती निर्भरता से नागरिक परेशान</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[<p style="text-align:justify;">ठाणे शहर को प्रतिदिन 616 मिलियन लीटर पानी का कोटा आवंटित किया गया है, लेकिन हकीकत में केवल 585 मिलियन लीटर पानी ही आपूर्ति हो पा रहा है। यह पानी चार प्रमुख स्रोतों से आता है। महानगरपालिका की योजना से 250 एमएलडी, महाराष्ट्र औद्योगिक विकास महामंडळ (MIDC) से 135 एमएलडी, STEM प्राधिकरण से 115 एमएलडी और बृहन्मुंबई महानगरपालिका से 85 एमएलडी पानी की आपूर्ति की जाती हैं।</p>]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/41678/citizens-upset-due-to-increasing-dependence-on-tankers-in-thane"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2025-06/download-(3)5.jpeg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>ठाणे :</strong> भले ही इस वर्ष मानसून ने तय समय से पहले दस्तक दी हो और बांधों में जलसंचय बढ़ा हो, लेकिन ठाणे शहर के कई हिस्सों में पानी की भारी किल्लत देखी जा रही है। विशेष रूप से घोड़बंदर, वर्तक नगर और समता नगर जैसे इलाकों में पानी की आपूर्ति में भारी गिरावट दर्ज की गई है। घोड़बंदर क्षेत्र में तो पानी की सप्लाई 50 प्रतिशत तक घट चुकी है, जिससे निवासियों को जल आवश्यकताओं के लिए टैंकरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">बता दें कि ठाणे शहर को प्रतिदिन 616 मिलियन लीटर पानी का कोटा आवंटित किया गया है, लेकिन हकीकत में केवल 585 मिलियन लीटर पानी ही आपूर्ति हो पा रहा है। यह पानी चार प्रमुख स्रोतों से आता है। महानगरपालिका की योजना से 250 एमएलडी, महाराष्ट्र औद्योगिक विकास महामंडळ (MIDC) से 135 एमएलडी, STEM प्राधिकरण से 115 एमएलडी और बृहन्मुंबई महानगरपालिका से 85 एमएलडी पानी की आपूर्ति की जाती हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">बावजूद इसके, बढ़ती आबादी और शहरीकरण के कारण पानी की मांग दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है, जबकि आपूर्ति उस अनुरूप नहीं हो पा रही। हाल ही में STEM प्राधिकरण ने 18 से 19 जून तक आवश्यक मरम्मत कार्य के चलते जलापूर्ति बंद कर दी थी। भले ही अब सप्लाई बहाल कर दी गई है, लेकिन कई इलाकों में पानी की अनियमितता अब भी बनी हुई है।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>Mumbai</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/41678/citizens-upset-due-to-increasing-dependence-on-tankers-in-thane</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/41678/citizens-upset-due-to-increasing-dependence-on-tankers-in-thane</guid>
                <pubDate>Fri, 27 Jun 2025 09:20:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2025-06/download-%283%295.jpeg"                         length="10856"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Online Desk]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नासिक जिले में 5 लाख नागरिकों को टैंकरों से पानी की आपूर्ति...</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[<p style="text-align:justify;">लोकसभा चुनाव प्रचार में एक ओर जहां 'हर घर जल' समेत विभिन्न सरकारी योजनाओं का जमकर प्रचार किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर 10 तालुकाओं के 783 गांवों के करीब पांच लाख नागरिकों को टैंकरों से पानी की आपूर्ति करनी पड़ रही है. गांवों की प्यास बुझाने और टैंकर भरने के लिए 130 कुएं अधिग्रहीत किए गए। 256 टैंकर प्रतिदिन 562 फेरों के माध्यम से पेयजल उपलब्ध करा रहे हैं।<br />अप्रैल के मध्य में तापमान 40 डिग्री का आंकड़ा पार कर गया।</p>]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://www.rokthoklekhani.com/article/30606/water-supplied-by-tankers-to-5-lakh-citizens-in-nashik-district"><img src="https://www.rokthoklekhani.com/media/400/2024-04/download-(6)14.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नासिक: </strong>लोकसभा चुनाव प्रचार में एक ओर जहां 'हर घर जल' समेत विभिन्न सरकारी योजनाओं का जमकर प्रचार किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर 10 तालुकाओं के 783 गांवों के करीब पांच लाख नागरिकों को टैंकरों से पानी की आपूर्ति करनी पड़ रही है. गांवों की प्यास बुझाने और टैंकर भरने के लिए 130 कुएं अधिग्रहीत किए गए। 256 टैंकर प्रतिदिन 562 फेरों के माध्यम से पेयजल उपलब्ध करा रहे हैं।<br />अप्रैल के मध्य में तापमान 40 डिग्री का आंकड़ा पार कर गया।</p>
<p style="text-align:justify;">भीषण गर्मी के बीच जल संकट का संकट विकराल रूप लेता जा रहा है। नासिक, डिंडोरी समेत धुले लोकसभा क्षेत्र में प्रचार तेज हो गया है। अभाव की वास्तविकता और तेज़ धूप में चित्रित की जा रही तस्वीर के बीच असमानता बहुत अधिक है। पिछले दो सप्ताह में कमी से प्रभावित गांवों और वाड़ियों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है।</p>
<p style="text-align:justify;">जिला परिषद की रिपोर्ट के मुताबिक, 248 गांवों और 535 वाडा समेत कुल 783 जगहों पर टैंकरों से पानी की आपूर्ति की जा रही है. बांधों का तालुका कहे जाने वाले इगतपुरी के एक गांव कलवान में जब टैंकरों से पानी पहुंचाने की बारी आई तो वहां भी टैंकर शुरू किए गए, जो अब तक पानी की कमी से मुक्त है। जिले के 10 तालुकाओं में पानी की कमी है और चार लाख 97 हजार 666 नागरिक पीने के पानी के लिए टैंकरों पर निर्भर हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, 64 टैंकर नंदगांव तालुका के 58 गांवों और 255 गांवों, कुल 313 गांवों और वाडियों में पानी की आपूर्ति कर रहे हैं। मालेगांव तालुका में 107 गांव (36 टैंकर), येवला तालुका में 77 (45 टैंकर), बगलान में 35 (32), चंदवाड में 93 (30), देवला में 61 (30), इगतपुरी में एक (एक), सुरगना में पांच (दो), सिन्नर में 76 गांव हैं। (17) टैंकर चल रहे हैं.</p>
<p style="text-align:justify;">जिले में प्रतिदिन 256 टैंकरों के माध्यम से 562 फेरे लगाए जा रहे हैं। प्रशासन ने बगलान तालुका में 37, चंदवाड में पांच, देवला में 30, मालेगांव में 31, कलवन में 15, नंदगांव में चार और येवला तालुका में छह कुओं का अधिग्रहण किया है। छह तालुकाओं नासिक, त्र्यंबकेश्वर, निफाड, डिंडोरी और पेठ में अभी तक टैंकरों से पानी की आपूर्ति करने का समय नहीं आया है। प्रशासन ने पेयजल आपूर्ति के लिए निजी कुओं का अधिग्रहण करने का निर्णय लिया।</p>
<p style="text-align:justify;">गांवों के लिए 27 और टैंकरों के लिए 103 सहित कुल 130 कुओं का अधिग्रहण किया गया है। डिंडोरी, नासिक, निफाड, पेठ और त्र्यंबकेश्वर नामक पांच तालुकाओं में टैंकर शुरू करने का समय नहीं आया है। लेकिन, कई इलाकों में स्थानीय लोगों को पानी के लिए काफी दूर तक चलना पड़ता है.<br /><br />जिले के 10 तालुका के 783 गांव और पड्या के करीब पांच लाख लोग टैंकर के पानी पर निर्भर हैं. इसमें नंदगांव तालुका, येवला (77407), बगलान (59112), चांदवड (66602), देवला (25780), इगतपुरी (910), कलवान (94539), सुरगाना (1335) और सिन्नर तालुका (27763) के एक लाख 26 हजार 688 शामिल हैं। ) प्रशासन ने कहा है कि वह टैंकरों पर निर्भर है.</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>Maharashtra</category>
                                    

                <link>https://www.rokthoklekhani.com/article/30606/water-supplied-by-tankers-to-5-lakh-citizens-in-nashik-district</link>
                <guid>https://www.rokthoklekhani.com/article/30606/water-supplied-by-tankers-to-5-lakh-citizens-in-nashik-district</guid>
                <pubDate>Tue, 23 Apr 2024 16:04:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.rokthoklekhani.com/media/2024-04/download-%286%2914.jpg"                         length="17704"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Online Desk]]>
                    </dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        